वाराणसी
बरेका में कर्मचारी हितों पर प्रशासन और परिषद के बीच हुई महत्वपूर्ण बैठक
कर्मचारी कल्याण से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा, समाधान के लिए प्रशासन ने दिया सकारात्मक आश्वासन
प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर मनीष कुमार बोले— कर्मचारियों की संतुष्टि संस्थान की प्रगति का आधार
वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) के प्रशासनिक भवन स्थित कीर्ति कक्ष में बुधवार को कर्मचारी हितों और कल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर बरेका कर्मचारी परिषद एवं प्रशासन के बीच महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर श्री मनीष कुमार ने की।

बैठक का उद्देश्य कर्मचारियों से संबंधित मुद्दों पर सार्थक संवाद स्थापित करते हुए उनके समाधान की दिशा में सकारात्मक पहल करना था। इस दौरान कर्मचारी परिषद के प्रतिनिधियों ने कर्मचारियों के कल्याण और कार्यस्थल से जुड़े विभिन्न विषय प्रशासन के समक्ष रखे, जिन पर विस्तृत चर्चा हुई।
प्रशासनिक अधिकारियों ने परिषद द्वारा उठाए गए मुद्दों को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुना तथा उनके व्यावहारिक और शीघ्र समाधान के लिए सकारात्मक आश्वासन दिया। अधिकारियों ने कर्मचारियों के हितों को प्राथमिकता देते हुए आवश्यक कदम उठाने की प्रतिबद्धता भी जताई।

अध्यक्षीय संबोधन में प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर श्री मनीष कुमार ने कहा कि कर्मचारियों का कल्याण और उनकी कार्यसंतुष्टि किसी भी संस्थान की उन्नति का प्रमुख आधार होती है। उन्होंने प्रशासन और कर्मचारियों के बीच निरंतर संवाद एवं सहयोग की भावना को और मजबूत बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
बैठक में प्रधान वित्त सलाहकार श्री मुक्तेश मित्तल, प्रमुख मुख्य इंजीनियर श्री शैलेंद्र कुमार सिंह, प्रमुख मुख्य कार्मिक अधिकारी श्री लालजी चौधरी, प्रमुख मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेश कुमार तथा महानिरीक्षक सह प्रधान मुख्य सुरक्षा आयुक्त श्री देवराज कुमार मौर्य सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
कर्मचारी परिषद की ओर से संयुक्त सचिव श्री प्रदीप कुमार यादव के नेतृत्व में परिषद के सदस्य श्री अमित कुमार, श्री नवीन कुमार सिन्हा, श्री श्रीकांत यादव, श्री सुशील कुमार सिंह, श्री संतोष कुमार यादव, श्री धर्मेंद्र कुमार सिंह और श्री मनीष कुमार सिंह ने भाग लिया तथा कर्मचारियों से जुड़े विभिन्न विषय प्रशासन के समक्ष रखे।
सौहार्दपूर्ण और सकारात्मक वातावरण में संपन्न हुई इस बैठक को प्रशासन और कर्मचारियों के बीच बेहतर समन्वय तथा संवाद की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
