गोरखपुर
दो करोड़ के गबन का खुलासा, फर्जी बिल बनाकर रकम हड़पने वाला आरोपी गिरफ्तार
गोरखपुर। शहर के थाना कैंट क्षेत्र में करोड़ों रुपये के गबन मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। फर्जी बिल और कूटरचना के जरिए करीब 2 करोड़ रुपये का गबन करने के आरोप में पुलिस ने एक और वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान रवि प्रताप विश्वकर्मा पुत्र राजाराम विश्वकर्मा निवासी ग्राम रामपुर जंगल छितौनी थाना हनुमानगंज जनपद कुशीनगर के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस अधीक्षक नगर के निर्देशन, क्षेत्राधिकारी कैंट के पर्यवेक्षण तथा प्रभारी निरीक्षक कैंट के नेतृत्व में की गई। उपनिरीक्षक गिरीश मिश्रा अपनी टीम के साथ अभियुक्त की तलाश में जुटे थे। इसी दौरान आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने बताया कि वादिनी की दुकान में आरोपी कैशियर और सेल्समैन के रूप में कार्य करते थे। इसी दौरान अभियुक्तों ने बिलों में कूटरचना कर सुनियोजित तरीके से करीब 2 करोड़ रुपये का गबन कर लिया। जब लेनदेन में गड़बड़ी सामने आई तो पीड़िता ने थाना कैंट में शिकायत दर्ज कराई। जांच के बाद पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत कर कार्रवाई शुरू की।
इस मामले में थाना कैंट पर मु0अ0सं0 03/2026 के तहत धारा 306, 316(4), 319(2), 352, 351(3), 338 भारतीय न्याय संहिता एवं आईटी एक्ट की धारा 65, 66ग व 66घ के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि इसी प्रकरण में दो अन्य अभियुक्तों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि रवि प्रताप विश्वकर्मा की गिरफ्तारी के बाद मामले में अहम जानकारियां मिलने की उम्मीद है।
गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक गिरीश मिश्रा चौकी प्रभारी विश्वविद्यालय थाना कैंट, कांस्टेबल मंगलदीप यादव तथा रिजर्व कांस्टेबल विक्रम सिंह शामिल रहे। पुलिस अब पूरे गबन नेटवर्क और लेनदेन की गहराई से जांच कर रही है।
