गोरखपुर
विश्वविद्यालय के एनएसएस स्वयंसेवक कृष्णानन्द जायसवाल को केंद्रीय मंत्री ने किया सम्मानित
‘नेशन फर्स्ट चैलेंज’ में देश के टॉप-5 विजेताओं में बनाई जगह, उत्तर भारत से रहे एकमात्र चयनित युवा प्रतिनिधि
गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के सक्रिय स्वयंसेवक कृष्णानन्द जायसवाल को राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया है। भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के अंतर्गत संचालित माय भारत (मेरा युवा भारत) द्वारा आयोजित प्रतिष्ठित ‘नेशन फर्स्ट चैलेंज’ में शानदार प्रदर्शन करने पर उन्हें केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने सम्मानित किया।
लखनऊ स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित यूथ कन्वेंशन कार्यक्रम के दौरान कृष्णानन्द जायसवाल को यह सम्मान प्रदान किया गया। इस प्रतियोगिता में पूरे देश से केवल 5 शीर्ष विजेताओं का चयन किया गया, जिसमें कृष्णानन्द ने स्थान हासिल कर विश्वविद्यालय का नाम रोशन किया।
यह दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के लिए विशेष उपलब्धि है कि कृष्णानन्द संपूर्ण उत्तर भारत से चयनित एकमात्र युवा प्रतिनिधि रहे।
राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भागीदारी को बढ़ावा देने की पहल
गौरतलब है कि नेशन फर्स्ट चैलेंज का आयोजन 18 मई से 30 जून 2026 तक किया गया था। इस राष्ट्रव्यापी पहल का उद्देश्य युवाओं को विकसित भारत-2047 के संकल्प को साकार करने के लिए सामाजिक सेवा, जनजागरूकता, स्थानीय उत्पादों के प्रोत्साहन, पर्यटन संवर्धन, पर्यावरण संरक्षण और नागरिक उत्तरदायित्व जैसे क्षेत्रों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना था।
प्रतियोगिता में प्रतिभागियों का चयन उनके नवाचार, नेतृत्व क्षमता, सामाजिक प्रभाव और राष्ट्रहित में किए गए उत्कृष्ट कार्यों के आधार पर किया गया।
विश्वविद्यालय परिवार ने दी बधाई
कृष्णानन्द जायसवाल की इस उपलब्धि पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन, राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम समन्वयक प्रो. सत्यपाल सिंह, डॉ. आलोक कुमार सहित कार्यक्रम अधिकारियों एवं शिक्षकों ने उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
विश्वविद्यालय परिवार ने विश्वास जताया कि कृष्णानन्द भविष्य में भी समाज और राष्ट्रहित में उत्कृष्ट कार्य करते हुए विश्वविद्यालय, उत्तर प्रदेश और देश का गौरव बढ़ाते रहेंगे।
