बलिया
दो साल से सड़क बदहाल, जिम्मेदार कौन? नहर की खोदाई के बाद राह मुश्किल
नहर की खोदाई के बाद जगह-जगह गड्ढे, हादसे का खतरा बढ़ा; ग्रामीणों ने तत्काल मरम्मत की मांग की
बलिया। जिले के नगरा विकास खंड में मालीपुर से छिटिकियां तक जाने वाली नहर रोड पिछले करीब दो साल से बदहाल पड़ी है। करीब दो वर्ष पूर्व नमामि गंगे परियोजना के तहत पाइपलाइन डालने के लिए सड़क की खोदाई की गई थी। पाइपलाइन बिछने के बाद सड़क की मरम्मत नहीं होने से राहगीरों की मुश्किलें लगातार बढ़ती गईं।
गड्ढों और उबड़-खाबड़ रास्ते से बढ़ी परेशानी
सड़क पर जगह-जगह गड्ढे और उबड़-खाबड़ रास्ते लोगों के लिए परेशानी का सबब बने हुए हैं। दोपहिया और चार-पहिया वाहन चालकों के साथ पैदल राहगीरों को भी आवागमन में भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। सड़क की खराब स्थिति के कारण थोड़ी सी लापरवाही भी कभी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
रोजाना बड़ी संख्या में लोगों का होता है आवागमन
मालीपुर से छिटिकियां तक का यह मार्ग आसपास के कई गांवों के लोगों के लिए आवागमन का महत्वपूर्ण रास्ता है। रोजाना बड़ी संख्या में ग्रामीण, छात्र, किसान और वाहन चालक इसी सड़क से होकर गुजरते हैं। लंबे समय से सड़क की मरम्मत नहीं होने के कारण ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
एडीएम नमामि गंगे को दिया प्रार्थना पत्र
खंदवा गांव के पूर्व प्रधान प्रतिनिधि अमरनाथ गुप्ता ने मामले को लेकर अपर जिलाधिकारी (नमामि गंगे), बलिया को प्रार्थना पत्र देकर सड़क की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि पाइपलाइन डालने के बाद से सड़क की स्थिति खराब है और करीब दो साल से ग्रामीण परेशानी झेल रहे हैं।
एक माह पहले जगी थी निर्माण की उम्मीद
बताया गया कि करीब एक माह पहले सड़क निर्माण को लेकर कार्यवाही की उम्मीद जगी थी, लेकिन अब तक मौके पर कोई ठोस काम शुरू नहीं हुआ। ऐसे में ग्रामीणों के सामने आवागमन की समस्या जस की तस बनी हुई है। बारिश के दौरान सड़क की स्थिति और खराब होने से हादसे का खतरा भी बढ़ गया है।
ग्रामीणों ने उठाए जिम्मेदारी पर सवाल
ग्रामीणों का कहना है कि जब नमामि गंगे परियोजना के तहत पाइपलाइन डालने के लिए सड़क की खोदाई की गई थी तो काम पूरा होने के बाद उसकी मरम्मत भी कराई जानी चाहिए थी। ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि आखिर सड़क की मरम्मत की जिम्मेदारी किस विभाग या कार्यदायी संस्था की है और करीब दो साल से सड़क बदहाल होने के बावजूद अब तक कार्रवाई क्यों नहीं हुई।
जल्द मरम्मत नहीं हुई तो बढ़ेगी परेशानी
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभाग को निर्देशित किया जाए और मालीपुर से छिटिकियां तक सड़क की जल्द मरम्मत कराकर लोगों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा दी जाए। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से समस्या झेलने के बाद अब उन्हें प्रशासन से ठोस कार्रवाई की उम्मीद है।
अब देखना होगा कि ग्रामीणों की इस मांग पर प्रशासन कब कार्रवाई करता है और दो साल से बदहाल सड़क की तस्वीर आखिर कब बदलती है।
