गोरखपुर
समय माता मंदिर परिसर में पुजारी ने फांसी लगाकर की आत्महत्या
गोला थाना क्षेत्र के कोटिया नायक गांव की घटना, पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
पारिवारिक विवाद और नशे की लत को माना जा रहा कारण, जांच में जुटी पुलिस
गोरखपुर। गोला थाना क्षेत्र के कोटिया नायक गांव के समीप स्थित समय माता मंदिर परिसर में रहकर पूजा-पाठ करने वाले एक पुजारी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सोमवार सुबह मंदिर परिसर में नीम के पेड़ से शव लटकता मिलने पर क्षेत्र में सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
सुबह ग्रामीणों ने देखा शव
जानकारी के अनुसार सोमवार सुबह ग्रामीण शौच क्रिया के लिए निकले थे। लौटते समय मंदिर परिसर स्थित हैंडपंप पर पहुंचे लोगों की नजर नीम के पेड़ से लटक रहे शव पर पड़ी। इसकी सूचना तत्काल गांव के लोगों और ग्राम प्रधान को दी गई। ग्राम प्रधान की सूचना पर गोला पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नीचे उतरवाकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
मंदिर में रहकर करता था पूजा-पाठ
मृतक की पहचान जवाहर यादव (37) पुत्र राम दुलार यादव निवासी कोटिया नायक के रूप में हुई है। वह तीन भाइयों में सबसे छोटा था। परिजनों के अनुसार जवाहर विवाहित था और उसके तीन बच्चे हैं, लेकिन पिछले कुछ वर्षों से उसने साधु का वेश धारण कर लिया था। वह स्वयं को “त्यागी बाबा” कहता था और गांव के पूरब स्थित समय माता मंदिर में रहकर पूजा-पाठ करता था।
विवाद के बाद थाने तक पहुंचा था मामला
बताया जा रहा है कि रविवार को जवाहर यादव घर पहुंचा था। इस दौरान नशे की हालत में उसका भाइयों से विवाद हो गया। मामला बढ़ने पर पुलिस हस्तक्षेप हुआ और तीनों भाइयों का शांति भंग की आशंका में चालान कर न्यायालय भेजा गया। देर शाम जमानत पर घर लौटने के बाद जवाहर मंदिर पहुंचा और रात में नीम के पेड़ पर गमछे का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
गोला पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
