वाराणसी
151 फीट ऊंचे शिखर के साथ बदलेगा काशी के जगन्नाथ मंदिर का स्वरूप
पुरी की तर्ज पर होगा भव्य पुनर्विकास, 41 माह में तैयार होगा जगन्नाथ कॉरिडोर
वाराणसी। काशी के नगवा स्थित भगवान जगन्नाथ मंदिर का पुरी के श्रीजगन्नाथ धाम की तर्ज पर भव्य पुनर्विकास किया जाएगा। प्रस्तावित परियोजना के तहत मंदिर परिसर का स्वरूप पूरी तरह बदलेगा और मुख्य शिखर को 151 फीट ऊंचा बनाया जाएगा, जबकि भगवान जगन्नाथ मंदिर का शिखर 140 फीट ऊंचा होगा। निर्माण कार्य लगभग 41 माह में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
करीब एक लाख वर्गफीट क्षेत्र में विकसित होने वाले इस परिसर में जगन्नाथ कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा। पुनर्विकास के दौरान मंदिर की मूल एवं ऐतिहासिक संरचना को सुरक्षित रखते हुए श्रद्धालुओं के लिए आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। परियोजना पूरी होने के बाद गंगा तट से ही श्रद्धालु मंदिर के भव्य शिखर के दर्शन कर सकेंगे।
मंदिर परिसर में वेद अध्ययन केंद्र, पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण की व्यवस्था, महाप्रसाद एवं भोजनालय, श्रद्धालुओं के ठहरने की सुविधा सहित कई आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
हाल ही में इंजीनियरों, आर्किटेक्ट्स और ग्राफिक्स विशेषज्ञों की टीम ने मंदिर परिसर का विस्तृत निरीक्षण कर प्रारंभिक रूपरेखा तैयार की है। मंदिर ट्रस्ट ने स्पष्ट किया है कि पुनर्विकास के दौरान मंदिर की मूल संरचना और ऐतिहासिक महत्व से किसी प्रकार की छेड़छाड़ नहीं की जाएगी।
परियोजना के प्रथम चरण में लगभग 30 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। निर्माण कार्य राजस्थान के अनुभवी शिल्पकारों की टीम पारंपरिक भारतीय स्थापत्य शैली के अनुरूप करेगी। निर्धारित समयसीमा के अनुसार कार्य पूरा होने पर दिसंबर 2029 तक काशी का जगन्नाथ मंदिर नए और भव्य स्वरूप में श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए तैयार हो जाएगा।
