गाजीपुर
मुख्तार अंसारी गिरोह से जुड़े शस्त्र लाइसेंस मामले में तीन पर मुकदमा
लाइसेंस सत्यापन में अनियमितता मिलने पर सहयोगी मोहम्मद शाहिद, तत्कालीन थाना प्रभारी और लेखपाल के खिलाफ केस दर्ज
गाजीपुर। कुख्यात माफिया मुख्तार अंसारी (दिवंगत) के गिरोह आईएस-191 से जुड़े लोगों को जारी शस्त्र लाइसेंसों के सत्यापन अभियान के दौरान मिली कथित अनियमितताओं के आधार पर पुलिस ने एक लाइसेंसधारक, तत्कालीन थाना प्रभारी और क्षेत्रीय लेखपाल के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, पुलिस उपमहानिरीक्षक, वाराणसी परिक्षेत्र के निर्देश पर मुख्तार अंसारी गिरोह के सदस्यों एवं सहयोगियों को जारी कुल 51 शस्त्र लाइसेंसों तथा उनसे संबंधित हथियारों का भौतिक सत्यापन और जांच कराई जा रही है। जांच में कुछ मामलों में अनियमितताओं के तथ्य सामने आने के बाद विधिक कार्रवाई शुरू की गई है।
पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान मोहम्मद शाहिद पुत्र कुर्बान अली के नाम जारी एसबीबीएल गन के लाइसेंस के सत्यापन में पाया गया कि उसने कथित रूप से अपना मूल पता छिपाकर मुहम्मदाबाद के पते पर शस्त्र लाइसेंस प्राप्त किया था। आरोप है कि लाइसेंस आवेदन में स्थायी एवं वर्तमान पता गलत दर्शाया गया और तत्कालीन थाना प्रभारी तथा क्षेत्रीय लेखपाल की रिपोर्ट के आधार पर लाइसेंस स्वीकृत किया गया।
इन तथ्यों के आधार पर थाना मुहम्मदाबाद में मोहम्मद शाहिद, तत्कालीन थाना प्रभारी मुहम्मदाबाद और तत्कालीन क्षेत्रीय लेखपाल के विरुद्ध धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश तथा आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस ने बताया कि शेष शस्त्र लाइसेंसों का सत्यापन अभी जारी है। जांच के दौरान जहां भी अनियमितताएं सामने आएंगी, वहां नियमानुसार आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
