मध्य प्रदेश
बांदकपुर कॉरिडोर निर्माण में बाधा डालने के आरोप पर हिंदू समाज का प्रदर्शन, सरपंच पर कार्रवाई की मांग
दमोह (मध्यप्रदेश)। बांदकपुर धाम कॉरिडोर निर्माण परियोजना को लेकर जिले में विवाद गहरा गया है। विभिन्न हिंदू संगठनों और श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री एवं पर्यटन-संस्कृति मंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन जिला कलेक्टर को सौंपकर कॉरिडोर निर्माण में कथित बाधा डालने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया कि प्रदेश सरकार ने बांदकपुर धाम के विकास के लिए 100 करोड़ रुपये की लागत से भव्य कॉरिडोर निर्माण की घोषणा की है। इस परियोजना के पूरा होने से श्रद्धालुओं को पार्किंग, आवागमन, ठहरने, प्रसाद, भोजन, भजन-पूजन और अन्य मूलभूत सुविधाएं मिलेंगी, साथ ही स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
हिंदू समाज के प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि कॉरिडोर निर्माण के लिए आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने और अतिक्रमण हटाने की दिशा में जिला प्रशासन अपेक्षित रुचि नहीं दिखा रहा है, जिससे परियोजना की गति प्रभावित हो रही है।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि बांदकपुर के सरपंच डबुल्या जैन ने एक समीक्षा बैठक में कलेक्टर के समक्ष कॉरिडोर परियोजना का विरोध करते हुए इसे क्षेत्र के लिए “विनाशकारी” बताया और निर्माण कार्य पर आपत्ति जताई। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि विरोध के दौरान हंगामा और अभद्र व्यवहार किया गया।
हिंदू समाज ने पुलिस अधीक्षक को भी अलग से ज्ञापन सौंपकर सरपंच के खिलाफ मामला दर्ज करने, बैठकों में उनकी भागीदारी पर रोक लगाने तथा जिला बदर जैसी कार्रवाई की मांग की है।
इस दौरान अमर राजपूत, कपिल सोनी, कृष्णा पटेल, आशीष कटारे, राजू ठाकुर, वीरू नेमा, मोनू पाठक, अरविंद पाठक, सतीश तिवारी, डॉ. केदार शर्मा सहित बड़ी संख्या में हिंदू संगठनों के पदाधिकारी, स्थानीय नागरिक और श्रद्धालु मौजूद रहे।
