गाजीपुर
बाल श्रम रोकने को अभियान तेज, बाजारों में प्रतिष्ठानों का निरीक्षण
बहरियाबाद, गाजीपुर। बाल श्रम जैसी गंभीर सामाजिक समस्या पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने अभियान तेज कर दिया है। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के निर्देश पर गठित टीम द्वारा बहरियाबाद और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों समेत जिले के प्रमुख बाजारों में दुकानों, ढाबों और अन्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा रहा है।
अभियान का उद्देश्य बच्चों से मजदूरी कराने पर रोक लगाने के साथ ही दुकानदारों और आम लोगों को बाल श्रम के खिलाफ जागरूक करना है। क्षेत्र में कई स्थानों पर कम उम्र के बच्चों से काम कराए जाने की शिकायतें सामने आती रही हैं। ऐसे में प्रशासन की टीम प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर संचालकों को बाल श्रम से जुड़े कानूनों की जानकारी भी दे रही है।
बाल श्रम के कारण बच्चों की शिक्षा प्रभावित होती है और उनके शारीरिक, मानसिक व सामाजिक विकास पर भी प्रतिकूल असर पड़ता है। आर्थिक मजबूरी, अशिक्षा और जागरूकता की कमी को इसके प्रमुख कारणों में माना जाता है। वहीं, कम मजदूरी में बच्चों से काम कराने की प्रवृत्ति भी इस समस्या को बढ़ावा देती है।
कानून के तहत 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को काम पर लगाना प्रतिबंधित है। वहीं 6 से 14 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा का प्रावधान है। प्रशासन और स्वयंसेवी संस्थाओं की ओर से लोगों से अपील की जा रही है कि बच्चों को काम पर लगाने के बजाय उन्हें शिक्षा का अवसर दिया जाए।
प्रशासन का कहना है कि बाल श्रम के खिलाफ अभियान के साथ-साथ लोगों को जागरूक करना भी जरूरी है, ताकि बच्चों का बचपन सुरक्षित रहे और वे शिक्षा के माध्यम से बेहतर भविष्य की ओर बढ़ सकें।
