बलिया
एससी-एसटी मुकदमे में फंसाए जाने का आरोप, युवक ने मांगी थाने की सीसीटीवी फुटेज
घटना के समय थाने में मौजूद होने का दावा, आरटीआई के तहत एसपी से की मांग
फुटेज को बेगुनाही का अहम साक्ष्य बताया, 48 घंटे में सूचना उपलब्ध कराने की अपील
बिल्थरारोड (बलिया)। उभांव थाना क्षेत्र में दर्ज एक एससी-एसटी मुकदमे को लेकर नया विवाद सामने आया है। राजपुर निवासी राकेश कुमार सिंह ने आरोप लगाया है कि घटना के समय वह मौके पर नहीं बल्कि उभांव थाने में मौजूद था, इसके बावजूद पुलिस ने उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर दिया।
राकेश कुमार सिंह ने पुलिस अधीक्षक बलिया को सूचना का अधिकार (आरटीआई) अधिनियम-2005 के तहत आवेदन देकर 13 जून की थाने की सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध कराने की मांग की है। आवेदन में उन्होंने दावा किया है कि घटना के समय उनकी गाड़ी का चालान थाने में था और वह उससे संबंधित कागजात जमा करने के लिए थाने के भीतर मौजूद थे।
पीड़ित ने आरटीआई अधिनियम की धारा 7(1) का हवाला देते हुए जीवन एवं व्यक्तिगत स्वतंत्रता से जुड़े मामले के आधार पर 48 घंटे के भीतर सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है। उनका कहना है कि यही फुटेज उनकी बेगुनाही का महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित होगी।
राकेश ने यह भी कहा है कि यदि संबंधित सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध नहीं कराई जाती या नष्ट पाई जाती है, तो इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों से कारण स्पष्ट किया जाए। फिलहाल मामले में पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
