वाराणसी
सिंहस्थ कुंभ महापर्व 2026 के ध्वजारोहण का मुहूर्त तय, पद्मश्री पं. गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ ने निकाला शुभ समय
29 नवंबर 2026 को नाशिक के कपिलधारा तीर्थ में वैदिक विधि-विधान से होगा ध्वजारोहण
वाराणसी/नाशिक। काशी के प्रख्यात वैदिक विद्वान एवं पद्मश्री सम्मानित पंडित गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ द्वारा सिंहस्थ कुंभ महापर्व 2026 के ध्वजारोहण का शुभ मुहूर्त निर्धारित किया गया है। इसके अनुसार 29 नवंबर 2026 को महाराष्ट्र के नाशिक स्थित श्री क्षेत्र कपिलधारा तीर्थ में वैदिक मंत्रोच्चार एवं धार्मिक अनुष्ठानों के साथ महापर्व का शुभारंभ होगा।
पुष्य नक्षत्र और अमृत योग में होगा ध्वजारोहण
आयोजन के मुख्य संयोजक एवं आदिनाथ संप्रदाय के पीठाधीश्वर जगद्गुरु कल्किराम महाराज तथा श्री कपिल महामुनि आश्रम के अध्यक्ष महंत रामनारायणदास गुरुजी ने बताया कि पद्मश्री पंडित गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ द्वारा निर्धारित मुहूर्त के अनुसार कार्तिक वद्य पंचमी, रविवार 29 नवंबर 2026 को प्रातः 8:45 से 9:00 बजे के बीच पुष्य नक्षत्र एवं अमृत योग में ध्वजारोहण किया जाएगा।
संतों और श्रद्धालुओं की होगी बड़ी भागीदारी
आयोजकों के अनुसार सिंहस्थ मूल स्थान माने जाने वाले कपिलधारा तीर्थ पर आयोजित होने वाले इस महापर्व में देश-विदेश से करोड़ों श्रद्धालु, संत-महात्मा, अखाड़े, धर्माचार्य और विभिन्न क्षेत्रों की विशिष्ट हस्तियां शामिल होंगी।
कई प्रमुख हस्तियों के शामिल होने की संभावना
आयोजकों ने बताया कि ध्वजारोहण समारोह में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत, महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा तथा उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित कई गणमान्य अतिथियों के शामिल होने की संभावना है।
ऐतिहासिक और आध्यात्मिक महत्व का केंद्र
आयोजकों के अनुसार कपिलधारा तीर्थ को अत्यंत प्राचीन आध्यात्मिक स्थल माना जाता है। यह क्षेत्र संत ज्ञानेश्वर, समर्थ रामदास स्वामी, श्री गजानन महाराज सहित अनेक संतों और ऋषि-मुनियों की तपोस्थली के रूप में प्रसिद्ध है। सिंहस्थ कुंभ महापर्व के माध्यम से इस आध्यात्मिक विरासत को वैश्विक स्तर पर और अधिक प्रतिष्ठित करने का प्रयास किया जाएगा।
