अपराध
पत्नी की हत्या और बेटे पर हमले में आरोपी को आजीवन कारावास
संतकबीरनगर/सिद्धार्थनगर। पत्नी की निर्मम हत्या और बेटे पर जानलेवा हमला करने के मामले में अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 30 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। अर्थदंड अदा न करने की स्थिति में छह माह अतिरिक्त कारावास भुगतने का आदेश दिया गया है। इस मामले में निर्णय करीब ढाई वर्ष बाद आया है।
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव के अनुसार थाना धर्मसिंहवा क्षेत्र के ग्राम बढ़या निवासी इश्तियाक अहमद पुत्र सई मोहम्मद ने प्रार्थना पत्र देकर बताया था कि उसके पिता सई मोहम्मद और माता महीरा खातून के बीच पिछले चार-पांच वर्षों से विवाद चल रहा था। घटना 6 जुलाई 2023 की रात की है, जब परिवार के सभी सदस्य भोजन कर सो गए थे। उसकी माँ महीरा खातून और छोटी बहन सालेहा एक चारपाई पर सो रही थीं, जबकि छोटा भाई इसरार पास ही सोया हुआ था और पिता घर के बाहर थे।
रात करीब एक बजे सई मोहम्मद ने घर का चैनल बाहर से बंद कर दिया, ताकि कोई बाहर न निकल सके। इसके बाद वह घर में रखा फावड़ा लेकर अंदर आया और पत्नी महीरा खातून तथा बेटे इसरार पर हत्या की नीयत से सिर पर ताबड़तोड़ प्रहार करने लगा। उसने दोनों पर तीन-तीन वार किए और इसके बाद मौके से फरार हो गया। बहन सालेहा के शोर मचाने पर परिवार के अन्य सदस्य जागे। दरवाजा बाहर से बंद होने के कारण सालेहा ने लोहे से प्रहार कर उसे तोड़ा और बाहर निकलने पर देखा कि माँ और भाई खून से लथपथ पड़े थे।
घटना की सूचना पर आसपास के लोग एकत्र हो गए और उनकी मदद से घायलों को सरकारी अस्पताल नौगढ़ (सिद्धार्थनगर) ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने महीरा खातून को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल इसरार को प्राथमिक उपचार के बाद मेडिकल कॉलेज गोरखपुर रेफर किया गया, जहां उसका इलाज चलता रहा। इस पूरी घटना की प्रत्यक्षदर्शी बहन सालेहा रही।
अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 13 साक्षियों को पेश किया गया, जिन्होंने घटना के संबंध में अपने बयान दर्ज कराए। साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर सत्र न्यायाधीश रणधीर सिंह ने आरोपी सई मोहम्मद को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई।
