गोरखपुर
थप्पड़ कांड के बाद अखिलेश यादव का बड़ा फैसला
गोरखपुर सपा की सभी कार्यकारिणियां भंग
जिला, महानगर और फ्रंटल संगठनों के पदाधिकारी पदमुक्त, पार्टी नए सिरे से करेगी संगठन का गठन
गोरखपुर (जयदेश)। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गोरखपुर में संगठन को लेकर बड़ा कदम उठाते हुए जिला, महानगर और सभी फ्रंटल संगठनों की कार्यकारिणियां तत्काल प्रभाव से भंग कर दी हैं। इसके साथ ही गोरखपुर से जुड़े राज्य और प्रदेश स्तर के संगठनात्मक पदाधिकारियों की जिम्मेदारियां भी समाप्त कर दी गई हैं।
पार्टी की ओर से जारी आदेश के अनुसार, जिला अध्यक्ष और महानगर अध्यक्ष सहित दोनों इकाइयों के सभी पदाधिकारी एवं कार्यकारिणी सदस्य पदमुक्त कर दिए गए हैं। फ्रंटल संगठनों के जिलाध्यक्ष, महानगर अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारियों पर भी यह कार्रवाई लागू हुई है।
यह फैसला शनिवार को गोरखपुर जर्नलिस्ट्स प्रेस क्लब में आयोजित सपा की प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हुए विवाद और थप्पड़कांड के बाद आया है। बैठक में बैठने की जगह को लेकर शुरू हुआ विवाद कथित तौर पर कहासुनी, गाली-गलौज और हाथापाई तक पहुंच गया था। इस दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष नगीना साहनी के साथ अभद्रता और मारपीट का मामला सामने आया था। घटना का वीडियो सामने आने के बाद विवाद ने तूल पकड़ लिया।
अब कार्यकारिणियां भंग होने के बाद गोरखपुर में सपा को जिला, महानगर और फ्रंटल संगठनों का नए सिरे से गठन करना होगा। पार्टी के इस फैसले को संगठन में अनुशासन कायम करने और अंदरूनी विवादों पर सख्त संदेश देने के रूप में देखा जा रहा है।
