वाराणसी
उर्वरक कालाबाजारी पर वाराणसी में बड़ी कार्रवाई
39 केंद्रों पर छापेमारी, जांच के लिए 23 नमूने लिए गए
वाराणसी |किसानों को उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराने और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए बुधवार को जिलेभर में व्यापक जांच अभियान चलाया गया। शासन के निर्देश पर गठित संयुक्त टीमों ने साधन सहकारी समितियों, पीसीएफ विक्रय केंद्रों, इफको सेवा केंद्र, आईएफएफडीसी, औद्यानिक समिति तथा निजी उर्वरक विक्रेताओं समेत कुल 39 केंद्रों का निरीक्षण किया।
अलग-अलग विकासखंडों में हुई कार्रवाई
जिलाधिकारी के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी ने दो संयुक्त जांच टीमों का गठन किया।
पहली टीम ने हरहुआं, आराजीलाइन, काशी विद्यापीठ और चिरईगांव ब्लॉकों में निरीक्षण किया, जबकि दूसरी टीम ने चोलापुर, पिंडरा, बड़ागांव और सेवापुरी क्षेत्रों में जांच अभियान चलाया।
तीन दुकानों को जारी हुआ नोटिस
निरीक्षण के दौरान उर्वरक निरीक्षकों ने गुणवत्ता परीक्षण के लिए 23 उर्वरक नमूने एकत्र किए। वहीं, दुकान बंद मिलने पर मिश्रा ट्रेडर्स (मंगारी), अभय बीज भंडार (पिंडरा) और साधन सहकारी समिति (फुलपुर) को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।
रेट बोर्ड और पीओएस मशीन अनिवार्य
प्रशासन ने सभी उर्वरक विक्रेताओं को दुकान पर निर्धारित मूल्य और सरकारी सब्सिडी का विवरण दर्शाने वाला रेट बोर्ड लगाने के निर्देश दिए हैं।
साथ ही किसानों को खतौनी के आधार पर पीओएस मशीन में सत्यापन के बाद निर्धारित दर पर ही उर्वरक उपलब्ध कराने को कहा गया है। अधिक मूल्य पर बिक्री या पीओएस प्रणाली में अनियमितता पाए जाने पर उर्वरक (गुण नियंत्रण) अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
शिकायत के लिए हेल्पलाइन उपलब्ध
प्रशासन ने बताया कि जिले में यूरिया और डीएपी उर्वरक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं तथा किसी क्षेत्र में कमी नहीं है।
उर्वरक संबंधी शिकायत या जानकारी के लिए किसान विकास भवन के चतुर्थ तल, कक्ष संख्या-402 में स्थापित कंट्रोल रूम से संपर्क कर सकते हैं। कार्यदिवस में हेल्पलाइन नंबर 7007259547 और 9369560120 पर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
