गाजीपुर
गाजीपुर में महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए ‘बहू-बेटी सम्मेलन’ अभियान शुरू
मिशन शक्ति के तहत सभी थानों में होगा आयोजन, महिलाओं से सीधे संवाद करेगी महिला पुलिस
दहेज उत्पीड़न, पारिवारिक विवाद और आत्महत्या की प्रवृत्ति रोकने पर रहेगा विशेष फोकस
गाजीपुर। उत्तर प्रदेश शासन की महत्वाकांक्षी योजना ‘मिशन शक्ति’ के अंतर्गत महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षित, जागरूक एवं आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से गाजीपुर पुलिस ने जनपद के सभी थानों में ‘बहू-बेटी सम्मेलन’ आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक गाजीपुर द्वारा जून एवं जुलाई माह के लिए विस्तृत थानावार और तिथि-वार रोस्टर जारी किया गया है।
मुख्यालय महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन, उत्तर प्रदेश के निर्देशों के क्रम में शुरू किए जा रहे इस अभियान का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं में बढ़ती अवसाद और आत्महत्या की प्रवृत्ति को रोकना, दहेज उत्पीड़न जैसी घटनाओं में कमी लाना तथा युवतियों को सामाजिक और कानूनी विषयों पर जागरूक करना है।
महिला पुलिस करेगी संचालन
सम्मेलन का संचालन पूरी तरह मिशन शक्ति केंद्र की महिला पुलिसकर्मियों द्वारा किया जाएगा। कार्यक्रम में किसी भी पुरुष पुलिसकर्मी की भागीदारी नहीं होगी। इसके साथ ही आशा बहू, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों, एएनएम तथा स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को भी शामिल किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक महिलाओं तक जागरूकता का संदेश पहुंच सके।
गोपनीयता और संवेदनशीलता पर विशेष जोर
महिला पुलिसकर्मियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे महिलाओं की समस्याओं को गंभीरता, संवेदनशीलता और धैर्यपूर्वक सुनें। प्रत्येक सम्मेलन की अवधि कम से कम एक घंटे की होगी, जिससे महिलाएं खुलकर अपनी समस्याएं साझा कर सकें। उनकी गोपनीयता बनाए रखने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
स्वास्थ्य, कानून और साइबर सुरक्षा की दी जाएगी जानकारी
सम्मेलन के दौरान महिलाओं और बालिकाओं को स्वास्थ्य, स्वच्छता, कानूनी अधिकार, साइबर अपराधों से बचाव तथा विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी जाएगी। कार्यक्रम को अधिक प्रभावी और आकर्षक बनाने के लिए ग्राम प्रधानों के सहयोग से स्थानीय लोक संगीत एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जा सकते हैं।
ग्राम सभाओं में लगेगी चौपाल
जारी रोस्टर के अनुसार जिन थाना क्षेत्रों में 25 या उससे कम ग्राम सभाएं हैं, वहां प्रत्येक सप्ताह रविवार को एक ग्राम सभा में सम्मेलन आयोजित होगा। वहीं 25 से अधिक ग्राम सभाओं वाले क्षेत्रों में हर सप्ताह दो ग्राम सभाओं में यह कार्यक्रम संचालित किया जाएगा। ग्राम चौकीदारों के माध्यम से इसका व्यापक प्रचार-प्रसार भी कराया जा रहा है।
प्रदर्शन के आधार पर होगा मूल्यांकन
गाजीपुर पुलिस के इस विशेष अभियान की सफलता का मूल्यांकन जनपद एवं जोन स्तर पर किया जाएगा। इसके लिए पारिवारिक विवादों के त्वरित निस्तारण, छेड़खानी की घटनाओं में कमी तथा महिला शिकायतों पर प्रभावी कार्रवाई जैसे मानकों को आधार बनाया जाएगा।
पुलिस प्रशासन का मानना है कि यह पहल महिलाओं को आत्मविश्वास प्रदान करने के साथ-साथ समाज में सुरक्षा और सम्मान का वातावरण मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
