गाजीपुर
चिकित्सक और फार्मासिस्ट के अभाव में बदहाल हुआ सुखडेहरा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र
वर्षों से खाली पड़े हैं महत्वपूर्ण पद, इलाज के लिए भटकने को मजबूर मरीज
भांवरकोल (गाजीपुर)। स्थानीय खंड विकास कार्यालय परिसर में संचालित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सुखडेहरा इन दिनों बदहाली का शिकार बना हुआ है। चिकित्सक, फार्मासिस्ट और सफाईकर्मी के पद लंबे समय से रिक्त होने के कारण क्षेत्रीय मरीजों को समुचित स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। स्थिति यह है कि अस्पताल अपने अस्तित्व के लिए संघर्ष कर रहा है और मरीज परेशानियों का सामना करने को मजबूर हैं।
तीन वर्षों से खाली है चिकित्साधिकारी का पद
जानकारी के अनुसार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर तैनात चिकित्साधिकारी डॉ. विकास तिवारी का वर्ष 2024 में स्थानांतरण हो गया था। तब से चिकित्साधिकारी का पद रिक्त पड़ा हुआ है। वहीं अनुभवी फार्मासिस्ट कुरैशी दिसंबर 2023 में सेवानिवृत्त हो गए, जिसके बाद से फार्मासिस्ट की भी नियुक्ति नहीं हो सकी है।
इसके अलावा अस्पताल में कार्यरत सफाईकर्मी जयचंद दिसंबर 2025 में सेवानिवृत्त हो गए, जिससे सफाई व्यवस्था भी प्रभावित हो गई है।
स्टाफ नर्स और वार्ड बॉय संभाल रहे जिम्मेदारी
अस्पताल में वर्तमान समय में स्टाफ नर्स पुष्पा यादव, अंकिता यादव तथा वार्ड बॉय अवधेश राय अपने अनुभव के आधार पर आने वाले मरीजों को प्राथमिक उपचार और दवाएं उपलब्ध कराने का प्रयास कर रहे हैं। हालांकि विशेषज्ञ चिकित्सक और फार्मासिस्ट के अभाव में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
बड़ी संख्या में पहुंचते हैं मरीज
स्थानीय लोगों के अनुसार यह प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र विकास खंड क्षेत्र के मध्य में स्थित है। यही कारण है कि यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। कई बार यहां मरीजों की संख्या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गोंडऊर से भी अधिक रहती है, लेकिन सुविधाओं के अभाव में लोगों को निराश होकर लौटना पड़ता है।
मरीजों को 15 से 30 किलोमीटर दूर जाना पड़ रहा
चिकित्सक के अभाव में क्षेत्र के मरीजों को उपचार के लिए लगभग 15 किलोमीटर दूर मुहम्मदाबाद अथवा 30 किलोमीटर दूर जिला मुख्यालय गाजीपुर जाना पड़ता है। इससे मरीजों और उनके परिजनों का समय और धन दोनों खर्च हो रहे हैं।
सामाजिक कार्यकर्ताओं ने उठाई मांग
क्षेत्रीय सामाजिक कार्यकर्ता गोरख, सर्वजीत प्रधान प्रशासक, पूर्व प्रधान रामसिंहासन यादव, सत्या कुशवाहा, पप्पू यादव, बंगाली कुशवाहा, भरत सिंह, प्रेम यादव सहित अन्य लोगों ने स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों का ध्यान इस ओर आकर्षित करते हुए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्साधिकारी, फार्मासिस्ट और सफाईकर्मी की शीघ्र नियुक्ति की मांग की है।
स्वास्थ्य विभाग की उदासीनता पर सवाल
स्थानीय लोगों का आरोप है कि लंबे समय से महत्वपूर्ण पद रिक्त होने के बावजूद विभाग द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि जनहित को देखते हुए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सुखडेहरा में जल्द से जल्द आवश्यक कर्मचारियों की तैनाती की जानी चाहिए, ताकि गरीब और जरूरतमंद मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।
