गाजीपुर
परिवार परामर्श केंद्र की पहल से तीन बिखरे परिवार फिर हुए एक
मध्यस्थता के जरिए पति-पत्नी के विवाद सुलझे, राजी-खुशी हुई विदाई
15 मामलों की सुनवाई, दो पत्रावलियां बंद, शेष मामलों में अगली तिथि निर्धारित
गाजीपुर। महिला सहायता प्रकोष्ठ/परिवार परामर्श केंद्र गाजीपुर ने एक बार फिर पारिवारिक विवादों को सुलझाने में सराहनीय भूमिका निभाई। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में गुरुवार को आयोजित परामर्श सत्र में पति-पत्नी विवाद से जुड़े 15 मामलों की सुनवाई की गई।
सुनवाई के दौरान लंबे समय से विवादित चल रहे तीन मामलों में दोनों पक्षों को आमने-सामने बैठाकर मध्यस्थता कराई गई। आपसी गिले-शिकवे भुलाकर पति-पत्नी ने साथ रहने पर सहमति जताई, जिसके बाद तीन परिवारों की सकुशल विदाई कराई गई।

परिवार परामर्श केंद्र में कुल 15 प्रकरणों पर विचार किया गया। इनमें दो मामलों में दोनों पक्षों के लगातार अनुपस्थित रहने के कारण पत्रावली बंद कर दी गई, जबकि तीन मामलों में विधिक परामर्श देकर प्रकरणों का निस्तारण किया गया। शेष मामलों में सहमति न बनने पर अगली सुनवाई की तिथि निर्धारित की गई।
परामर्श प्रक्रिया में काउंसलर कमरुद्दीन, पूजा श्रीवास्तव, महिला आरक्षी सविता, महिला आरक्षी रागिनी तथा आरक्षी शिव शंकर यादव सहित अन्य कर्मियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
परिवार परामर्श केंद्र की इस पहल से एक बार फिर तीन परिवारों की खुशियां लौट आईं और रिश्तों में आई दूरियां समाप्त हो सकीं।
