गोरखपुर
1.40 करोड़ की ठगी और कर्ज के तनाव में सरकारी पशु चिकित्सक की मौत
गोरखपुर में अपार्टमेंट से गिरकर 52 वर्षीय डॉ. परमात्मा सिंह की गई जान, ठगी मामले में दो आरोपी पहले ही गिरफ्तार
गोरखपुर। गोरखनाथ थाना क्षेत्र के राजेंद्र नगर स्थित बसंत इंक्लेव अपार्टमेंट में गुरुवार सुबह सरकारी पशु चिकित्सक डॉ. परमात्मा सिंह (52) की मौत हो गई। वह महराजगंज जिले के नौतनवा ब्लॉक में पशु चिकित्सक के पद पर तैनात थे। परिजनों के मुताबिक, वह कथित तौर पर करीब 1.40 करोड़ रुपये की ठगी और भारी कर्ज के कारण आर्थिक दबाव में थे।
3 लाख रुपये तक पहुंच गई थी EMI
परिजनों के अनुसार, ठगों ने लोन दिलाने सहित अन्य बहानों से उनसे बड़ी रकम ले ली थी। रकम की भरपाई के लिए उन्होंने बैंक से कर्ज लिया था। उनकी पत्नी डॉ. सुमित्रा के मुताबिक, करीब सवा लाख रुपये मासिक वेतन के बावजूद बैंक की ईएमआई लगभग तीन लाख रुपये प्रतिमाह तक पहुंच गई थी।
डॉ. परमात्मा सिंह ने पांच अगस्त को इस संबंध में एम्स थाना क्षेत्र में एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले में गरिमा सिंह और उसके पिता को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। परिजनों का कहना है कि गिरफ्तारी के बावजूद ठगी की रकम वापस नहीं मिली और कर्ज का दबाव बना रहा।
पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
बताया गया कि गुरुवार सुबह करीब 9:30 बजे डॉ. परमात्मा सिंह अपार्टमेंट की छत पर गए थे। कुछ देर बाद वह गंभीर हालत में नीचे मिले। परिजन उन्हें तत्काल निजी अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची गोरखनाथ थाना पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ठगी से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
डॉ. परमात्मा सिंह अपने पीछे पत्नी, 12 वर्षीय बेटे और सात वर्षीय बेटी को छोड़ गए हैं। घटना की सूचना मिलने पर उनके माता-पिता भी मऊ से गोरखपुर पहुंचे। परिवार में घटना के बाद से कोहराम मचा हुआ है।
