वाराणसी
योगाभ्यास व ध्यान केन्द्र में दो दिवसीय योगशाला का समापन
सिकरौल (वाराणसी) | योगाभ्यास व ध्यान केन्द्र, गोविंदपुरी कॉलोनी, सिकरौल में आयोजित दो दिवसीय योगशाला का समापन 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं एवं प्रशिक्षार्थियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ और थीम
कार्यक्रम की शुरुआत योगगीत से हुई। इस वर्ष योग दिवस की थीम “स्वस्थ आयु के लिए योग” रही, जिसमें बढ़ती उम्र में योग के माध्यम से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य बनाए रखने पर जोर दिया गया।
गोविंदपुरी कॉलोनी स्थित इस केंद्र में आयोजित कार्यक्रम में योग के विविध आयामों का प्रदर्शन किया गया।
योग प्रदर्शन और आकर्षण
कार्यक्रम में प्रशिक्षित महिलाओं द्वारा विभिन्न योग गतिविधियों का प्रदर्शन किया गया, जिनमें शामिल रहे—
- पिरामिड योग संरचनाएं
- योग नृत्य
- ताली योग
- चुनौतीपूर्ण योगासन
इन प्रस्तुतियों ने उपस्थित लोगों को विशेष रूप से आकर्षित किया।
वक्ताओं के विचार
संस्था की निदेशिका एवं मुख्य प्रशिक्षक रीति श्रीवास्तव ने योग को महिलाओं और बालिकाओं के शारीरिक-मानसिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।
अन्य वक्ताओं ने कहा—
- योग से व्यक्तित्व का विकास होता है
- मानसिक स्वास्थ्य और आत्मविश्वास बढ़ता है
- विचारों में सकारात्मकता आती है
- योग अनुशासन और संतुलन सिखाता है
संस्कृति और संगीत का समावेश
कार्यक्रम में लोक गायिका सरोज वर्मा ने अपनी प्रस्तुति से माहौल को संगीतमय बना दिया और योग एवं संगीत के संबंध पर प्रकाश डाला।
समापन
कार्यक्रम का संचालन शिप्रा श्रीवास्तव ने किया। अंत में निदेशिका रीति श्रीवास्तव ने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
निष्कर्ष
यह योगशाला न केवल स्वास्थ्य जागरूकता का माध्यम बनी, बल्कि महिलाओं के आत्मविश्वास, अनुशासन और सामाजिक सहभागिता को भी बढ़ावा देने वाला सफल आयोजन साबित हुई।
