चन्दौली
मूसाखांड डैम से छोड़ा गया 768 क्यूसेक पानी, जलस्तर 355 फीट पर मेंटेन
जलस्तर नियंत्रित रखने के लिए खोले गए गेट नंबर 8 और 9, निचले इलाकों के ग्रामीणों को सतर्क रहने की हिदायत
चकिया, चंदौली। मूसाखांड डैम में जलस्तर को संतुलित और नियंत्रित बनाए रखने के लिए सिंचाई विभाग ने पानी की निकासी शुरू कर दी है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार डैम का जलस्तर 355.00 फीट पर बनाए रखने के उद्देश्य से दोपहर 1:10 बजे डैम के गेट खोले गए। इसके बाद नियंत्रित मात्रा में पानी का डिस्चार्ज किया जा रहा है।
गेट नंबर 8 और 9 से हो रहा पानी का डिस्चार्ज
प्रशासनिक स्तर पर लिए गए निर्णय के तहत डैम के गेट नंबर 8 और 9 को छह-छह इंच तक खोला गया है। दोनों गेटों से कुल 768 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। सिंचाई विभाग की टीम जलस्तर और पानी की निकासी की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
कैचमेंट एरिया से पानी की आवक पर भी नजर
अधिकारियों के मुताबिक डैम के कैचमेंट एरिया से होने वाली पानी की आवक की भी लगातार निगरानी की जा रही है। यदि बारिश या अन्य कारणों से पानी की आवक बढ़ती है अथवा जलस्तर में बदलाव होता है, तो परिस्थितियों के अनुसार गेटों को और खोलने या बंद करने का निर्णय लिया जाएगा।
फिलहाल डैम का जलस्तर निर्धारित सीमा में बनाए रखने के लिए नियंत्रित तरीके से पानी की निकासी की जा रही है। विभाग के अनुसार स्थिति फिलहाल पूरी तरह नियंत्रण में है।
निचले और तटीय इलाकों के ग्रामीण रहें सतर्क
डैम से पानी छोड़े जाने के बाद तटीय और निचले इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से जलधारा या डैम से निकलने वाले पानी के आसपास न जाएं।
ग्रामीणों से प्रशासन और सिंचाई विभाग द्वारा जारी किए जाने वाले निर्देशों का पालन करने को कहा गया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
जलस्तर के आधार पर आगे लिया जाएगा निर्णय
विभागीय टीम लगातार डैम की स्थिति, जलस्तर और पानी की आवक पर नजर रख रही है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में कैचमेंट एरिया से पानी की आवक और जलस्तर की स्थिति के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
