बलिया
‘आर्थिक आधार पर आरक्षण’ के मुद्दे से जनाधार बढ़ाने में जुटी पूर्वांचल क्रांति पार्टी
बलिया से संगठन विस्तार की कवायद तेज, आगामी चुनावों में प्रभाव बढ़ाने का दावा
बलिया। उत्तर प्रदेश की राजनीति में पूर्वांचल क्रांति पार्टी संगठन विस्तार और ‘आर्थिक आधार पर आरक्षण’ की मांग को लेकर सक्रिय है। पार्टी नेतृत्व का दावा है कि सामाजिक समरसता और आर्थिक समानता के मुद्दे पर विभिन्न वर्गों के लोग संगठन से जुड़ रहे हैं। बलिया से संगठन को और मजबूत करने की कवायद शुरू कर दी गई है।
पार्टी नेताओं के अनुसार, पिछले विधानसभा चुनाव में मतदान से चार दिन पहले भाजपा के साथ गठबंधन हुआ था। कम समय में ही पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शशिकांत पांडेय ‘बिट्टू बाबा’ ने बांसडीह और बलिया नगर विधानसभा क्षेत्रों में प्रचार किया था। इन दोनों क्षेत्रों में भाजपा को जीत मिली थी।
नेताओं का कहना है कि इसके बाद हुए लोकसभा चुनाव में शशिकांत पांडेय ने सलेमपुर लोकसभा सीट से नामांकन किया था, लेकिन उनका पर्चा निरस्त कर दिया गया। पार्टी ने इसके बाद इंडिया गठबंधन को समर्थन देने का निर्णय लिया। पार्टी का दावा है कि उसके समर्थन से बलिया समेत पूर्वांचल के विभिन्न क्षेत्रों में गठबंधन को लाभ मिला।
आर्थिक समानता को बनाया मुद्दा
पूर्वांचल क्रांति पार्टी ‘आर्थिक आधार पर आरक्षण’ को प्रमुख राजनीतिक मुद्दा बनाकर आगे बढ़ रही है। पार्टी नेताओं का कहना है कि आरक्षण व्यवस्था में आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को भी पर्याप्त प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए। उनका दावा है कि इस मुद्दे को लेकर सभी जातियों और धर्मों के लोगों में समर्थन बढ़ रहा है।
पार्टी अब बलिया सहित पूर्वांचल के अन्य जिलों में संगठन विस्तार की तैयारी कर रही है। नेताओं का कहना है कि आगामी चुनावों में जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाकर पार्टी अपनी राजनीतिक भूमिका मजबूत करेगी। हालांकि चुनावी राजनीति में इसका वास्तविक प्रभाव आगामी चुनावों में ही स्पष्ट होगा।
