भदोही
श्रावण मास का शुभारंभ, शिवभक्ति में डूबेंगे श्रद्धालु
बाबा बड़े शिव धाम में कांवरियों के लिए नि:शुल्क भोजन, ठहरने, स्नान और चिकित्सा की व्यवस्था
सावन में चार सोमवार, नाग पंचमी पर विशेष संयोग; जलाभिषेक के लिए उमड़ेंगे शिवभक्त
गोपीगंज। भगवान शिव की आराधना का पावन पर्व श्रावण मास शुरू होने के साथ ही शिवालयों में भक्तिमय वातावरण बन गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह माह भगवान भोलेनाथ की उपासना, आध्यात्मिक साधना और पुण्य अर्जित करने का सर्वोत्तम समय माना जाता है। सावन भर श्रद्धालु पवित्र नदियों का जल लाकर शिवलिंग का जलाभिषेक करते हैं।
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार समुद्र मंथन के दौरान निकले हलाहल विष को भगवान शिव ने सृष्टि की रक्षा के लिए अपने कंठ में धारण किया था। विष की ज्वाला को शांत करने के लिए भक्त सावन माह में भगवान शिव का जलाभिषेक करते हैं। स्कंद पुराण में भी श्रावण मास को भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त करने का श्रेष्ठ समय बताया गया है। इस दौरान माता पार्वती की पूजा का भी विशेष महत्व माना गया है।
इस वर्ष श्रावण मास 20 जुलाई से 28 अगस्त तक रहेगा। पूरे माह में चार सोमवार पड़ेंगे। साथ ही सोमवार के दिन नाग पंचमी का दुर्लभ संयोग बनने से शिव आराधना का महत्व और बढ़ गया है। ज्योतिषीय दृष्टि से आयुष्मान योग, सौभाग्य योग, श्रवण नक्षत्र तथा सिंह संक्रांति जैसे शुभ योग भी इस बार सावन को विशेष बना रहे हैं।
श्रावण मास के अवसर पर बाबा बड़े शिव धाम सेवा समिति, गोपीगंज की ओर से कांवर यात्रियों और श्रद्धालुओं के लिए विशेष सेवा शिविर लगाया जाएगा। समिति द्वारा नि:शुल्क भोजन, ठहरने की व्यवस्था, स्नान की सुविधा तथा प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध कराई जाएगी।
समिति ने सभी शिवभक्तों से अपील की है कि सावन माह में बाबा बड़े शिव धाम पहुंचकर भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करें, पूजा-अर्चना करें और शिव कृपा प्राप्त कर अपने जीवन में सुख, शांति एवं समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त करें।
