गाजीपुर
गोआश्रय स्थलों में लापरवाही पर डीएम सख्त, हरे चारे की कमी से गोवंश की मौत हुई तो होगी कार्रवाई
15 दिन में एसएफसी पूलिंग पूरी करने के निर्देश, निराश्रित गोवंशों को गोशालाओं में भेजने के लिए चलेगा अभियान
सैदपुर ईओ का वेतन रोकने के निर्देश, गोशालाओं में सीसीटीवी, कैटल कैचर और काऊ लिफ्टर खरीदने पर जोर
गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में राइफल क्लब सभागार में जनपद स्तरीय गोआश्रय स्थल अनुश्रवण, मूल्यांकन एवं समीक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीएम ने सभी गोआश्रय स्थलों पर हरे चारे की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि चारे की कमी से किसी गोवंश की मृत्यु होती है तो संबंधित ग्राम प्रधान और सचिव के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में एसएफसी पूलिंग की समीक्षा करते हुए जिला पंचायत राज अधिकारी और सभी खंड विकास अधिकारियों को 15 दिनों के भीतर शत-प्रतिशत धनराशि जनपद स्तर पर खोले गए खाते में जमा कराने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि विशेष अभियान चलाकर खेतों और सड़कों पर घूम रहे निराश्रित गोवंशों को निकटतम गोआश्रय स्थलों में संरक्षित कराया जाए। साथ ही प्रत्येक विकास खंड के लिए एक कैटल कैचर तथा प्रत्येक गोआश्रय स्थल के लिए एक काऊ लिफ्टर मशीन खरीदने के निर्देश भी दिए।
बैठक में सैदपुर के अस्थायी गोआश्रय स्थल जौहरगंज में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए जाने तथा बैठक से अनुपस्थित रहने पर नगर पंचायत सैदपुर के अधिशासी अधिकारी का वेतन रोकने और उनसे स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए।
बरसात को देखते हुए डीएम ने सभी गोआश्रय स्थलों पर जल निकासी, मिट्टी भराई और खड़ंजा निर्माण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने गोशालाओं के संचालन में लापरवाही बरतने वाली स्वयंसेवी संस्थाओं को कारण बताओ नोटिस जारी कर अनुबंध निरस्त करने की भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, जिला विकास अधिकारी राजन राय, उपायुक्त मनरेगा विजय यादव, परियोजना निदेशक डीआरडीए महेन्द्र प्रताप यादव, जिला पंचायत राज अधिकारी रमेश चन्द्र उपाध्याय, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. अरविन्द कुमार शाही, नोडल अधिकारी गोशाला डॉ. राकेश कुमार गौतम, सभी खंड विकास अधिकारी, अधिशासी अधिकारी, पशु चिकित्साधिकारी एवं जनपद स्तरीय नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।
