आजमगढ़
₹25 हजार का इनामी अंतर्राज्यीय ठग गिरफ्तार, ग्रहदोष का झांसा देकर महिलाओं से करता था ठगी
कोतवाली पुलिस ने गिरोह के सक्रिय सदस्य को दबोचा, दो महिलाओं से आभूषण ठगी की घटनाओं का खुलासा
केमिकल, नकदी और रंगीन नग बरामद; पूछताछ में कई राज्यों में ठगी करने की बात कबूली
आजमगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली पुलिस ने ₹25,000 के इनामी अंतर्राज्यीय ठगी गिरोह के एक सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से ठगी में प्रयुक्त केमिकल, विभिन्न रंगों के नग (पत्थर) तथा नकदी बरामद की गई है। पुलिस के अनुसार उसकी गिरफ्तारी से महिलाओं को ग्रहदोष और पूजा-पाठ का भय दिखाकर आभूषण ठगने की दो घटनाओं का सफल खुलासा हुआ है।
पुलिस के अनुसार 7 फरवरी 2026 को मऊ निवासी आशा ने कोतवाली थाने में तहरीर देकर बताया था कि शंकर तिराहा, सिधारी स्थित ग्रैंड एसआर होटल के पास दो अज्ञात व्यक्तियों ने ग्रहदोष दूर कराने का झांसा देकर उनकी सोने की चेन, अंगूठी और ₹2,000 नकद ठग लिए थे। इस मामले में कोतवाली थाने पर मुकदमा दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान गिरोह के एक सदस्य लईक उर्फ लकी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी थी।
इसी क्रम में सोमवार को प्रभारी निरीक्षक यादवेन्द्र पाण्डेय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर रोडवेज प्राइवेट बस अड्डे के पास से ₹25 हजार के इनामी आरोपी हुसैनू पुत्र नजरूद्दीन, निवासी गदरपुर, जनपद उधम सिंह नगर (उत्तराखंड) को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से ₹400 नकद, आभूषण साफ करने वाले केमिकल से भरी एक प्लास्टिक की शीशी तथा 10 विभिन्न रंगों के नग (पत्थर) बरामद किए गए।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह अपने साथियों सैफ अली खां, इमरान और लईक उर्फ लकी के साथ मिलकर अंतर्राज्यीय ठगी गिरोह संचालित करता था। गिरोह के सदस्य विभिन्न राज्यों में घूमकर विशेष रूप से अधेड़ और वृद्ध महिलाओं को धर्म-कर्म, ग्रहदोष और पूजा-पाठ का भय दिखाकर विश्वास में लेते थे तथा उनके सोने-चांदी के आभूषण और नकदी लेकर फरार हो जाते थे।
आरोपी ने स्वीकार किया कि 6 और 7 फरवरी 2026 को गिरोह के सदस्य आजमगढ़ आए थे और बेलइसा सब्जी मंडी तथा लाइफ लाइन हॉस्पिटल के पास दो महिलाओं से ठगी की वारदात को अंजाम दिया था। चोरी किए गए आभूषण बेचकर प्राप्त रकम आपस में बांट ली गई थी, जिसमें उसके हिस्से में करीब ₹35 हजार आए थे। अधिकांश राशि खर्च हो चुकी है, जबकि शेष ₹400 उसकी गिरफ्तारी के समय बरामद हुए।
पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध संबंधित धाराओं में अग्रिम विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। आरोपी के खिलाफ आजमगढ़ के अलावा सोनभद्र जनपद में भी धोखाधड़ी और गैंगस्टर एक्ट सहित कई मुकदमे दर्ज हैं।
