वाराणसी
बारिश ने खोली विकास की पोल, छोटा लालपुर–महावीर मंदिर मार्ग बदहाल
गड्ढों, जलभराव और अतिक्रमण से राहगीर परेशान, स्कूली बच्चों व वाहन चालकों के लिए बना खतरा
पार्षद ने अतिक्रमण हटाने व सड़क की मरम्मत की उठाई मांग, शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं
वाराणसी। शहर की चौड़ी और चमचमाती सड़कों के बीच बारिश ने बनारस की कई अंदरूनी सड़कों की बदहाली उजागर कर दी है। आजमगढ़ रोड स्थित छोटा लालपुर मस्जिद से महावीर मंदिर जाने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग इन दिनों गड्ढों, जलभराव और अतिक्रमण की मार झेल रहा है। बरसात के चलते सड़क की स्थिति इतनी खराब हो गई है कि राहगीरों, स्कूली बच्चों और वाहन चालकों का आवागमन जोखिम भरा हो गया है।
स्थानीय लोगों के अनुसार यह मार्ग पांडेयपुर चौराहे के जाम से बचने के लिए चोलापुर और आजमगढ़ की ओर से आने वाले लोगों का प्रमुख शॉर्टकट है। इसी रास्ते से महावीर मंदिर, भोजूबीर, अर्दली बाजार और शहर के अन्य हिस्सों तक आसानी से पहुंचा जाता है। सड़क के दोनों ओर अतिक्रमण होने से पहले ही इसकी चौड़ाई कम हो चुकी थी, वहीं अब जगह-जगह बने गड्ढों में बारिश का पानी भरने से दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
इसी मार्ग से छोटा लालपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय के छात्र-छात्राएं प्रतिदिन आते-जाते हैं। जलभराव और टूटी सड़क के कारण साइकिल व बाइक सवारों के फिसलकर घायल होने की घटनाएं भी सामने आ रही हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि कई बार संबंधित अधिकारियों का ध्यान इस समस्या की ओर दिलाया गया, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।
उधर, संकठा नगर कॉलोनी को जोड़ने वाली सड़क की हालत भी कमोबेश ऐसी ही बनी हुई है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि बारिश के मौसम में दोनों मार्गों पर आवागमन बेहद कठिन और जोखिमपूर्ण हो गया है। यदि मुख्य संपर्क सड़क की यह स्थिति है तो इससे जुड़ी गलियों की बदहाली का सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है।
क्षेत्रीय पार्षद अशोक मौर्य ने बताया कि सड़क के दोनों ओर हुए अतिक्रमण की शिकायत नगर निगम के अतिक्रमण प्रकोष्ठ से की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने अतिक्रमण हटाकर सड़क की शीघ्र मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि लोगों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।
