गाजीपुर
सब्जी फसलों के निर्यात से किसानों की आय बढ़ाने पर वैज्ञानिकों ने दिया जोर
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर महिला किसानों को किचन पैकेट वितरित, नारी शक्ति का सम्मान
वाराणसी/गाजीपुर। आईसीएआर-भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान, वाराणसी द्वारा मिशन फॉर इंटीग्रेटेड डेवलपमेंट ऑफ हॉर्टिकल्चर (एमआईडीएच) योजना के तहत गाजीपुर जिले के हंसराजपुर गांव में किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छह गांवों के 50 से अधिक किसानों ने भाग लिया, जिनमें महिला किसान भी शामिल रहीं। गोष्ठी का उद्देश्य निर्यात के लिए सब्जी फसल उत्पादकों का चयन कर उन्हें प्रशिक्षण देना तथा उत्पादन के लिए आवश्यक इनपुट उपलब्ध कराना था।

आईआईवीआर के निदेशक डॉ राजेश कुमार के दिशा निर्देशन में संचालित एमआईडीएच परियोजना के मुख्य अन्वेषक आईआईवीआर के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. इंदिवर प्रसाद हैं। बैठक में आईआईवीआर के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. डी पी सिंह तथा कर्मयोगी ग्लोबल प्राइवेट लिमिटेड, वाराणसी के निदेशक मोहित सिंह ने भाग लिया। कार्यक्रम के आयोजन में रीइन्वेंट आर्गेनिक एफपीसी लिमिटेड की डायरेक्टर रीना सिंह, पिंकी सिंह, वंदना कुशवाहा, नीलम सिंह, राजेश जायसवाल, सुशील सिंह, भवानी सिंह, विनोद जोशी, राम जी गुप्ता, स्टाफ कृष्णा सिंह, नीतू कुमारी तथा प्रतिनिधि राम रतन सिंह ने सहयोग प्रदान किया।

गोष्ठी में भाग लेने वाले किसान अपने खेतों में बड़े पैमाने पर परवल, मिर्च, परवल, लौकी, वोडो और टमाटर का उत्पादन कर रहे हैं। डॉ. डी पी सिंह ने कहा कि इस प्रकार के प्रयास किसानों की आय बढ़ाने में सहायक होंगे।
डॉ. इंदिवर प्रसाद ने किसानों को बताया कि एमआईडीएच परियोजना के माध्यम से उन्हें निर्यात गुणवत्ता की सब्जियों के उत्पादन के लिए प्रशिक्षण, आदान और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इस योजना का उद्देश्य किसानों को उच्च गुणवत्ता वाली सब्जियों के उत्पादन के लिए प्रोत्साहित करना है।

कार्यक्रम में कर्मयोगी के मोहित सिंह ने आईआईवीआर के सहयोग से विकसित किए जा रहे कृत्रिम बुद्धिमत्ता टूल ‘उन्नति’ के माध्यम से किसानों को प्रशिक्षण दिया। ‘उन्नति’ फसलों के उत्पादन पर प्रतिदिन निगाह रखने वाला एआई प्रोडक्ट है, जिसके माध्यम से किसान अपनी फसलों के उत्पादन से लेकर कटाई और विपणन तक सभी गतिविधियों पर नजर रख सकते हैं। इससे उत्पादन से जुड़ी समस्याओं के त्वरित निदान में सहायता मिलेगी। डॉ. डी पी सिंह ने बताया कि ऐसे एआई आधारित टूल विकसित होने के बाद किसानों को निःशुल्क उपलब्ध कराने की योजना है।

गोष्ठी में बड़ी संख्या में उपस्थित रीइन्वेंट ऑर्गेनिक एफपीसी की सदस्या नारी शक्ति को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं दी गईं और उनके द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की गई। महिला किसानों को सब्जियों के किचन पैकेट भी वितरित किए गए।
कार्यक्रम को आईआईवीआर के वाईपी लवकुश सतनामी तथा प्रगतिशील किसान अवध नारायण सिंह ने सुगम बनाया। इस पहल से क्षेत्र के किसानों को आधुनिक तकनीकों और बेहतर कृषि पद्धतियों से जोड़ने में मदद मिलेगी, जिससे उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है।
