वाराणसी
डीडीयू अस्पताल में पहली बार निःशुल्क घुटना प्रत्यारोपण सफल
वाराणसी। आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय चिकित्सालय में 64 वर्षीय मुन्नी देवी का घुटना प्रत्यारोपण सफलतापूर्वक किया गया। अस्पताल में इस प्रकार की यह पहली सर्जरी है, जिसे पूरी तरह निःशुल्क संपन्न कराया गया है। पिछले आठ वर्षों से घुटने की गंभीर समस्या से पीड़ित मुन्नी देवी को इस ऑपरेशन के बाद राहत मिली है।
परिजनों के मुताबिक, उन्होंने कई स्थानों पर उपचार कराया, लेकिन कोई विशेष लाभ नहीं हुआ। 8 अप्रैल 2026 को उन्हें डीडीयू अस्पताल के हड्डी रोग विभाग में डॉ. सुशील कुमार अग्रवाल को दिखाया गया, जहां जांच के दौरान दाहिने पैर में गठिया रोग की पुष्टि हुई। इसके बाद उन्हें आयुष्मान वार्ड में भर्ती किया गया।
चिकित्सकों ने मरीज की उम्र को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक जांचें कराईं और रिपोर्ट सामान्य आने पर 21 अप्रैल को ऑपरेशन की तिथि तय की गई। निर्धारित समय पर ऑपरेशन थिएटर की टीम ने सर्जरी को सफलतापूर्वक पूरा किया। वरिष्ठ मरीज होने के कारण एनेस्थीसिया टीम की भूमिका भी महत्वपूर्ण रही, जिसमें डॉ. कौशल कुमार सिंह और डॉ. अस्मिता सिंह ने अहम जिम्मेदारी निभाई।
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आर.एस. राम ने बताया कि निजी अस्पतालों में इस तरह की सर्जरी पर दो लाख रुपये से अधिक खर्च आता है, जबकि यहां आयुष्मान भारत योजना के तहत यह पूरी तरह नि:शुल्क किया गया। उन्होंने पूरी टीम को बधाई दी और भर्ती मरीज का हालचाल भी जाना।
इस सफल ऑपरेशन से न केवल मुन्नी देवी को राहत मिली है, बल्कि यह अन्य मरीजों के लिए भी प्रेरणादायक साबित होगा। अस्पताल में इस सुविधा की उपलब्धता से गरीब और जरूरतमंद लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। यह पहल दर्शाती है कि सरकारी अस्पताल भी उच्च गुणवत्ता की चिकित्सा सेवाएं प्रदान करने में सक्षम हैं और स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
