वाराणसी
युवाओं को रोजगार के लिए चंदौली में हो स्थायी भर्ती केंद्र -वीरेंद्र सिंह
यूपी से पशु, शराब और खाद की बिहार को तस्करी रोकने के लिए सूचना तंत्र मजबूत करने पर सांसद का जोर
वाराणसी (जयदेश)। प्रदेश के पूर्व मंत्री और चंदौली से समाजवादी पार्टी के सांसद वीरेंद्र सिंह ने अपने क्षेत्र के युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए स्थायी भर्ती केंद्र स्थापित करने की मांग की है। उन्होंने संसद में भी इस मुद्दे को उठाया था और स्वराष्ट्र मंत्री (गृहमंत्री) अमित शाह से भी व्यक्तिगत मिलकर इसके लिए आग्रह किया है।
अर्दली बाजार के पास टैगोर टाउन स्थित अपने कार्यालय में जयदेश से खास बातचीत में उन्होंने कहा कि चंदौली बिहार से सटा बहुत पिछड़ा इलाका है जहां सिर्फ खेती ही लोगों के जीवन यापन का माध्यम है। यदि वहां स्थायी भर्ती केंद्र होगा तो क्षेत्र के युवाओं को पुलिस, सेना और अर्द्ध सैनिक बलों में भर्ती का अवसर मिलेगा और वह अपना कौशल दिखाएंगे।
एक प्रश्न के जवाब में उनका कहना था कि बिहार सीमा से सटे होने के कारण उत्तर प्रदेश तथा अन्य राज्यों से बिहार को शराब,खाद और पशु तस्करी होती है। यह समस्या पिछले कई वर्षों से है। पुलिस को सही समय पर सूचना नहीं मिल पाती है। सूचना तंत्र कमजोर है।
यदि टेलीफोन की कनेक्टिविटी बढ़े और सही समय पर सूचना मिले तो इन सब चीजों पर भी रोक लगा सकती है। उन्होंने क्षेत्र में शिक्षा,स्वास्थ्य समेत सिंचाई के संसाधनों को मजबूत करने पर जोर दिया और कहा कि समय-समय पर मैं संसद में इन मुद्दों को उठाता रहता हूं और संघर्ष भी करता हूं।
उन्होंने बताया कि चंदौली का अधिकांश क्षेत्र काफी पिछड़ा है। पहाड़ी और वन क्षेत्र में आदिवासियों की बहुलता है। चंदौली का काफी क्षेत्र कर्मनाशक नदी से सटा हुआ है जहां सड़कें क्षतिग्रस्त है। आधारभूतढांचा मजबूत नहीं है जिस पर काफी काम करने की जरूरत है।
