मिर्ज़ापुर
कहां थे, कहां हैं और कहां रहेंगे… पूर्व एमएलसी ने शिक्षकों को किया सचेत
जुबिली इंटर कॉलेज में माध्यमिक शिक्षक संघ की जिला कार्यकारिणी की बैठक
मिर्जापुर। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र ने शिक्षकों से अपने वर्तमान और भविष्य को लेकर गंभीरता से विचार करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक सावधान होकर सोचें कि कहां थे, कहां हैं और कहां रहेंगे।
समय रहते हितों की लड़ाई लड़ने की जरूरत
डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र ने कहा कि शासन की व्यवस्था लगातार शिक्षकों के विरुद्ध बनी हुई है। यदि समय रहते शिक्षक अपने हितों की लड़ाई नहीं लड़ेंगे तो भविष्य में उनके अधिकारों और सुविधाओं पर और भी संकट आ सकता है। उन्होंने कहा कि अभी 13 प्रकार की परिलब्धियां समाप्त की जा चुकी हैं और आगे चलकर वेतन पर भी संकट आने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
जिला कार्यकारिणी की बैठक में पूर्व एमएलसी का संबोधन
डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र रविवार को ए.एस. जुबिली इंटर कॉलेज, मिर्जापुर में उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ की जिला कार्यकारिणी की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने शिक्षकों और संगठन के पदाधिकारियों से एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने की अपील की।
शिक्षकों को बांटकर कमजोर करने का आरोप
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की सरकारें समय-समय पर शिक्षकों के समूह को तोड़कर उन्हें कमजोर करती रही हैं। शिक्षकों की एकजुटता कमजोर होने का ही परिणाम है कि उनकी 13 प्रकार की परिलब्धियां समाप्त हो गईं। उन्होंने कहा कि अब शिक्षकों को अपनी ताकत पहचानते हुए संगठन के माध्यम से संघर्ष को और मजबूत करना होगा।
चुनाव प्रक्रिया में जुटने का किया आह्वान
पूर्व एमएलसी ने सभी शिक्षकों और संगठन के पदाधिकारियों से आगामी चुनाव प्रक्रिया में सक्रिय रूप से जुटने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि मजबूत संगठन ही शिक्षकों के अधिकारों और हितों की प्रभावी लड़ाई लड़ सकता है। इस अवसर पर विभिन्न ब्लॉकों के प्रभारियों के नामों की भी घोषणा की गई।
28 महीने का एनपीएस अपडेट, आठ महीने अभी भी बकाया
मंडल अध्यक्ष केदारनाथ दुबे ने कहा कि संगठन ने संघर्ष करके शिक्षकों का 28 महीने का एनपीएस अपडेट कराया है। उन्होंने बताया कि अभी आठ महीने का एनपीएस अपडेट बकाया है, जिसे पूरा कराने के लिए संगठन लगातार प्रयास कर रहा है।
डीए कटौती के अंशदान को प्रान खाते में जमा करने की मांग
केदारनाथ दुबे ने कहा कि केवल एनपीएस अपडेट हो जाना ही पर्याप्त नहीं है। मई 2016 से अब तक बढ़े हुए डीए भत्तों से की गई 10 प्रतिशत कटौती के अनुरूप 10 प्रतिशत अंशदान भी शिक्षकों के प्रान खाते में जमा किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि संगठन इस मुद्दे को भी गंभीरता से उठा रहा है।
बैठक में बड़ी संख्या में शिक्षक और पदाधिकारी रहे मौजूद
बैठक में मंडलीय मंत्री गणेश प्रसाद सिंह, आय-व्यय निरीक्षक डॉ. धर्मराज सिंह, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य जितेंद्र बहादुर सिंह और कौशल कुमार सिंह, विकास कुमार, अखिलेश सिंह, अर्पित पांडेय, डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र, महेंद्र सोनकर, ओंकारनाथ गुप्ता, जनार्दन सिंह, डॉ. दीप नारायण सिंह, राकेश कुमार सिंह, प्रकाश सिंह, भुवनेश्वर पांडेय, अंकित सिंह, राधाकांत त्रिपाठी, सतीश कुमार, विमलेश कुमार, विवेक सिंह, राजवन सिंह, नरेंद्र कुमार सिंह, लाल बहादुर सिंह, सोनी प्रजापति, रूपा द्विवेदी सहित अन्य शिक्षक एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।
सत्यभूषण सिंह ने की अध्यक्षता, डॉ. रमाशंकर शुक्ल ने किया संचालन
बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष सत्यभूषण सिंह ने की, जबकि संचालन डॉ. रमाशंकर शुक्ल ने किया। बैठक में शिक्षकों के अधिकारों, एनपीएस, लंबित देयों, संगठन की मजबूती और आगामी चुनाव प्रक्रिया को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
