भदोही
जल जीवन मिशन की धीमी प्रगति पर डीएम नाराज, लंबित परियोजनाएं जल्द पूरी करने के निर्देश
आईजीआरएस शिकायत निस्तारण में लापरवाही पर वेलस्पन और जीए इंफ्रा की प्रगति पर जताई नाराजगी
भदोही, 22 अगस्त 2026। ग्रामीण क्षेत्रों के प्रत्येक परिवार को शुद्ध, सुरक्षित एवं नियमित पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से संचालित जल जीवन मिशन की प्रगति की समीक्षा कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी शैलेष कुमार की अध्यक्षता में की गई। बैठक में जिले में संचालित पेयजल परियोजनाओं की प्रगति, निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, जलापूर्ति व्यवस्था और आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की विस्तृत समीक्षा की गई।
धीमी प्रगति पर डीएम ने जताई कड़ी नाराजगी
समीक्षा के दौरान निर्माण कार्यों की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिया कि सभी लंबित पेयजल परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर तेजी से पूरा कराया जाए। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन केंद्र और प्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजना है, इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही, शिथिलता अथवा अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
निर्धारित समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्य के निर्देश
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी परियोजनाओं को निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा कर ग्रामीण परिवारों को नियमित पेयजल उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने अधिकारियों और कार्यदायी संस्थाओं को निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
स्कूल और सार्वजनिक संस्थानों में भी मिले नल कनेक्शन
हर घर जल योजना के अंतर्गत जिलाधिकारी ने विद्यालयों, सामुदायिक शौचालयों, पशु चिकित्सालयों सहित अन्य सार्वजनिक संस्थानों और आवश्यक स्थानों पर प्राथमिकता के आधार पर नल कनेक्शन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी आवश्यक संस्थानों में स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित की जानी चाहिए।
केबिल चोरी रोकने के लिए ओएचटी पर लगेंगी इंडिकेटर लाइट
पेयजल परियोजनाओं में केबिल चोरी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए सभी ओवरहेड टैंक पर इंडिकेटर लाइट लगाने के निर्देश दिए गए। साथ ही परिसर में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और आवश्यकता के अनुसार सीसीटीवी कैमरे स्थापित करने को भी कहा गया।
आईजीआरएस प्रगति पर वेलस्पन और जीए इंफ्रा को लेकर नाराजगी
बैठक में आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों और उनके निस्तारण की भी समीक्षा की गई। वेलस्पन और मेसर्स जीए इंफ्रा की शिकायत निस्तारण प्रगति संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई। संबंधित अधिकारियों को दोनों कार्यदायी संस्थाओं की शिकायत निस्तारण व्यवस्था में तत्काल सुधार लाने तथा लंबित प्रकरणों का गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
लापरवाही पर तय होगी जिम्मेदारी
जिलाधिकारी ने कहा कि जलापूर्ति योजनाओं के संचालन में गुणवत्ता, पारदर्शिता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। अधिकारियों को नियमित स्थलीय निरीक्षण, निर्माण कार्यों की सतत मॉनिटरिंग और ग्राम स्तर पर पेयजल आपूर्ति की प्रभावी निगरानी के निर्देश दिए गए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि योजना के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही मिलने पर संबंधित की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी बाल गोविंद शुक्ल, जिला विकास अधिकारी/जिला पंचायत राज अधिकारी सपना अवस्थी, जल निगम के अभियंता राजबली, संबंधित विभागीय अधिकारी एवं कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
