जौनपुर
मड़ियाहूं पीजी कॉलेज में एडवांस्ड ड्रोन टेक्नोलॉजी वर्कशॉप आयोजित
ड्रोन तकनीक और अंतरिक्ष विज्ञान की संभावनाओं से रूबरू हुए विद्यार्थी
मड़ियाहूं, जौनपुर (जयदेश)। मड़ियाहूं पीजी कॉलेज में बुधवार को एडवांस्ड ड्रोन टेक्नोलॉजी वर्कशॉप का आयोजन किया गया। इंडिया स्पेस अकादमी के एयरोस्पेस विभाग के तत्वावधान में आयोजित कार्यशाला में विद्यार्थियों को आधुनिक ड्रोन तकनीक, अंतरिक्ष विज्ञान और तकनीकी कौशल से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
कृषि से आपदा प्रबंधन तक ड्रोन के उपयोग बताए
कार्यशाला में विशेषज्ञों ने उन्नत ड्रोन तकनीक की कार्यप्रणाली, उपयोगिता और भविष्य की संभावनाओं के बारे में जानकारी दी। विद्यार्थियों को बताया गया कि कृषि, सर्वेक्षण, मानचित्रण और आपदा प्रबंधन सहित विभिन्न क्षेत्रों में ड्रोन तकनीक का उपयोग तेजी से बढ़ रहा है। साथ ही इस क्षेत्र में उपलब्ध शैक्षणिक और रोजगार की संभावनाओं से भी अवगत कराया गया।
नई तकनीक सीखने के लिए विद्यार्थियों को किया प्रेरित
डॉ. कुमार प्रणव वर्मा, कोऑर्डिनेटर, स्पेस एजुकेशन, इसरो, मड़ियाहूं पीजी कॉलेज तथा विशिष्ट अतिथि एवं स्टेट कोऑर्डिनेटर, स्पेस एजुकेशन, इसरो (उत्तर प्रदेश) डॉ. प्रभांशु कुमार ने विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने नई तकनीकों के साथ कदम से कदम मिलाकर चलने और तकनीकी ज्ञान को व्यावहारिक रूप से विकसित करने के लिए प्रेरित किया।
कॉलेज प्रबंधक अपूर्व तिवारी ने कहा कि ड्रोन तकनीक तेजी से विकसित हो रही है और आने वाले समय में इसके उपयोग का दायरा और बढ़ेगा। प्राचार्य प्रो. एसके पाठक ने कार्यशाला को विद्यार्थियों के तकनीकी एवं कौशल विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
विकसित भारत और कौशल विकास से जोड़ने पर जोर
कार्यशाला में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और ड्रोन एवं अंतरिक्ष तकनीक के विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को विकसित भारत अभियान, कौशल विकास और आधुनिक तकनीकी शिक्षा से जोड़ना रहा। मंच संचालन डॉ. विवेक कुमार मिश्रा ने किया।
इस अवसर पर उप प्राचार्य डॉ. आंजनेय पांडेय, प्रो. अजय वर्मा, प्रो. सुमन सिंह, डॉ. उमेश राव, डॉ. जेपी दुबे, डॉ. विजय, डॉ. जेपी शुक्ला, डॉ. सुशील मिश्रा, डॉ. अमिताभ कुमार, डॉ. सुजीत पटेल, डॉ. विवेक प्रजापति, डॉ. जितेंद्र पाल, डॉ. सौरभ सिंह, डॉ. राजपाल, डॉ. विवेक सिंह, डॉ. दया सिंधु, डॉ. दुर्गेश्वरी पांडेय, डॉ. त्रिपुरारी, डॉ. बृजेश चौबे, डॉ. मनोज शुक्ला, डॉ. हौशिला पांडेय, डॉ. रविंद्र तिवारी, डॉ. अजय पटेल सहित अन्य प्राध्यापक और छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
