गाजीपुर
बिना पंजीकरण चल रहे नर्सिंग होम पर मुकदमा, ऑपरेशन के बाद प्रसूता की मौत के मामले में कार्रवाई
जांच में बिना वैध पंजीकरण संचालन की बात सामने आई, कथित डॉक्टर, संचालक और स्टाफ के खिलाफ केस दर्ज
जमानिया, गाजीपुर। बिना वैध पंजीकरण संचालित बताए जा रहे श्री सिद्धार्थ नर्सिंग होम में ऑपरेशन के बाद एक प्रसूता की मौत के मामले में कार्रवाई की गई है। स्वास्थ्य विभाग की शिकायत पर पुलिस ने नर्सिंग होम की कथित डॉक्टर, संचालक/प्रबंधक और अन्य स्टाफ के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्रसव पीड़ा होने पर नर्सिंग होम में कराया गया था भर्ती
सबलपुर कलां निवासी वंदना को प्रसव पीड़ा होने पर उनके पति अनिल कुमार ने 11 जुलाई को श्री सिद्धार्थ नर्सिंग होम में भर्ती कराया था। बताया गया कि शाम करीब सात बजे ऑपरेशन के माध्यम से जुड़वा बच्चों का जन्म हुआ। इसके बाद रात करीब नौ बजे वंदना को अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा।
हालत बिगड़ने पर वाराणसी ले जाने का आरोप
परिजनों का आरोप है कि 12 जुलाई की सुबह करीब छह बजे नर्सिंग होम प्रबंधन महिला की गंभीर हालत को लेकर पूरी जानकारी दिए बिना अपने वाहन से उसे वाराणसी के एक अस्पताल पहुंचाया। आरोप है कि वहां प्रसूता को छोड़ने के बाद नर्सिंग होम से जुड़े लोग चले गए। बाद में उपचार के दौरान प्रसूता की मौत हो गई।
जांच टीम ने की नर्सिंग होम के संचालन की पड़ताल
मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी के निर्देश पर जांच टीम गठित की गई। जांच रिपोर्ट में नर्सिंग होम के बिना वैध पंजीकरण संचालित होने और वहां कथित तौर पर नियमों के विपरीत मरीजों का उपचार एवं ऑपरेशन किए जाने की बात सामने आई।
स्वास्थ्य विभाग की तहरीर पर दर्ज हुआ मुकदमा
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. रुद्राकांत सिंह की तहरीर पर कथित डॉक्टर आशा बिंद, नर्सिंग होम के संचालक/प्रबंधक और स्टाफ के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस कर रही मामले की जांच
प्रभारी निरीक्षक राम सजन नागर ने बताया कि चिकित्साधिकारी की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
