बलिया
दो साल से ठप शिवपुर गंगा पुल का निर्माण
15 नए पायों के लिए अतिरिक्त बजट का इंतजार
1880 मीटर लंबे पुल की लागत 182.09 करोड़ रुपये, नाव से नदी पार करने को मजबूर ग्रामीण
बैरिया (बलिया), जयदेश। उत्तर प्रदेश और बिहार को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण परियोजना शिवपुर गंगा पुल का निर्माण पिछले दो वर्षों से ठप पड़ा है। मुरली छपरा विकास खंड के शिवपुर में गंगा नदी पर बन रहे 1880 मीटर लंबे इस पुल की स्वीकृति 182.09 करोड़ रुपये की लागत से हुई थी। जनवरी 2022 में इसका शिलान्यास किया गया था। निर्माण कार्य रुकने से सीमावर्ती क्षेत्र के हजारों लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सेतु निगम के अनुसार, गंगा नदी का पाट चौड़ा होने के कारण पुल के मूल डिजाइन में बदलाव करना पड़ा है। संशोधित डिजाइन के तहत 15 अतिरिक्त पायों का निर्माण कराया जाना है। इसके लिए शासन को अतिरिक्त बजट का प्रस्ताव भेजा गया है। बजट स्वीकृत होने के बाद निर्माण कार्य दोबारा शुरू कराया जाएगा। परियोजना पूरी होने में लगभग दो वर्ष का समय लगने का अनुमान है।
डिजाइन में बदलाव से बढ़ी देरी
उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम के परियोजना प्रबंधक रविशंकर राय के मुताबिक, गंगा की चौड़ाई को देखते हुए मूल डिजाइन में संशोधन किया गया है। अब 15 नए पायों का निर्माण आवश्यक हो गया है। शासन से संशोधित बजट मिलते ही काम तेजी से शुरू कराया जाएगा।
नाव से नदी पार करना मजबूरी
पुल का निर्माण अधूरा रहने से ग्रामीणों को नदी पार करने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ रहा है। इसके लिए उन्हें करीब 50 रुपये किराया देना पड़ता है। बारिश और बाढ़ के दौरान नाव से सफर करना जोखिम भरा हो जाता है। किसानों, विद्यार्थियों और मरीजों को विशेष रूप से परेशानी उठानी पड़ रही है। स्थानीय लोगों ने शासन से जल्द बजट स्वीकृत कर निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है।
