Connect with us

वाराणसी

जगरदेवपुर-काशीपुर क्षेत्र में बनेगा हाईटेक राजातालाब थाना

Published

on

Loading...
Loading...

वाराणसी। प्रदेश सरकार पुलिस व्यवस्था को आधुनिक और जनसुलभ बनाने की दिशा में थानों के उन्नयन पर जोर दे रही है। इसी क्रम में राजातालाब थाना के लिए जगरदेवपुर-काशीपुर क्षेत्र में अत्याधुनिक भवन निर्माण की योजना को गति दी गई है। इसके लिए 25 बिस्वा भूमि का चयन किया गया है, जहां सर्वसुविधायुक्त थाना परिसर विकसित किया जाएगा।

निर्माणाधीन यह भवन कुल 792.46 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में फैला होगा और तीन मंजिला होगा। इसमें बिजली, पेयजल, अग्निशमन यंत्र, स्ट्रीट लाइट, सीसी रोड, रेन वाटर हार्वेस्टिंग और जल निकासी जैसी बुनियादी सुविधाएं भी सुनिश्चित की जाएंगी। पूरी परियोजना पर लगभग नौ करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

रोहनिया विधायक डॉ. सुनील पटेल के अनुसार, पूर्व में जगरदेवपुर में थाना निर्माण का प्रस्ताव था, लेकिन कुछ कारणों से इसे अमल में नहीं लाया जा सका। अब पर्याप्त भूमि उपलब्ध होने के बाद कार्य को आगे बढ़ाया जा रहा है। लोक निर्माण विभाग द्वारा लागत का आकलन नौ करोड़ रुपये किया गया है, जिसमें से साढ़े चार करोड़ रुपये की पहली किस्त मिल चुकी है। भूमिपूजन इस माह के अंत अथवा मई के प्रारंभ में संभावित है। विभाग को निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं।

नए थाना परिसर में सुरक्षा के मद्देनजर आठ फीट ऊंची चारदीवारी और दो प्रवेश द्वार बनाए जाएंगे, जहां सुरक्षा कर्मियों की तैनाती होगी। साथ ही फरियादियों, एसएचओ, उपनिरीक्षक और हेड कांस्टेबल के लिए अलग-अलग कक्ष तैयार किए जाएंगे।

इसके अतिरिक्त जवानों के लिए बैरक, स्टाफ रूम, शिकायत कक्ष, महिला विश्राम कक्ष, महिला व पुरुष हवालात, मालखाना, कंप्यूटर सर्वर कक्ष, मीटिंग हॉल, किचन, डाइनिंग हॉल, स्टोर रूम, पूछताछ कक्ष और पार्किंग जैसी व्यवस्थाएं भी विकसित की जाएंगी। थाना परिसर के आसपास तालाब और बगीचे की भी योजना है, जिससे पुलिसकर्मियों को बेहतर वातावरण मिल सके।

Advertisement

उधर, चितईपुर थाना निर्माण का प्रस्ताव भी भेजा गया है, लेकिन अधिक लागत के कारण इसे अभी स्वीकृति नहीं मिल सकी है। लोक निर्माण विभाग ने संशोधित रिपोर्ट शासन को पुनः भेजी है। चितईपुर में तालाब की भूमि होने के चलते चार मीटर मिट्टी भराई और रिटेनिंग वाल निर्माण पर अतिरिक्त एक करोड़ रुपये खर्च का अनुमान है। विधायक के अनुसार, जलभराव के कारण बिना भूमि समतलीकरण के निर्माण संभव नहीं है। प्रस्ताव दोबारा भेजा गया है और अगले माह तक मंजूरी मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

Copyright © 2024 Jaidesh News. Created By Hoodaa

You cannot copy content of this page