जौनपुर
कजरी के रंग में रंगा जौनपुर, सुरों से सजी सावन की शाम
परिश्रम संस्था के कजरी महोत्सव में लोकगीतों ने बांधा समां, स्नेह मिलन में दिखी सामाजिक एकजुटता
जौनपुर। श्रावण मास के अवसर पर सामाजिक संस्था परिश्रम की ओर से शनिवार को कजरी महोत्सव एवं स्नेह मिलन समारोह का आयोजन किया गया। सावन की पारंपरिक कजरी और लोकगीतों की मनमोहक प्रस्तुतियों से कार्यक्रम स्थल पूर्वांचल की लोक संस्कृति के रंग में रंग गया। समारोह में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और गणमान्य नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
विधायकों ने किया महोत्सव का शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ पिंडरा विधायक डॉ. अवधेश सिंह और चंदौली विधायक सुशील सिंह ने किया। संस्था की ओर से अतिथियों का स्वागत कृपाशंकर सिंह ने किया। उन्होंने सावन और कजरी के सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि श्रावण भारतीय लोक जीवन में धार्मिक आस्था के साथ गीत-संगीत और सामाजिक मेल-जोल का भी महत्वपूर्ण महीना है।
कजरी पूर्वांचल की पहचान : कृपाशंकर सिंह
कृपाशंकर सिंह ने कहा कि कजरी पूर्वांचल की समृद्ध लोक परंपरा और सांस्कृतिक पहचान है। इसे संरक्षित कर नई पीढ़ी तक पहुंचाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि परिश्रम संस्था सांस्कृतिक आयोजनों के माध्यम से लोगों को अपनी मिट्टी, परंपरा और लोक विरासत से जोड़ने का प्रयास कर रही है।
सुरेश शुक्ला और गीतांजलि मौर्य ने बांधा समां
महोत्सव में प्रसिद्ध गायक सुरेश शुक्ला ने पारंपरिक कजरी गीतों से कार्यक्रम की शुरुआत की। उनके ‘निबिया की डारी मैया’ और ‘मीरजापुर की गुलजार, कईला कचौड़ी गली, सुन कईला बलमु’ समेत अन्य गीतों ने श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया। प्रस्तुति के दौरान कार्यक्रम स्थल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा।
इसके बाद प्रसिद्ध गायिका गीतांजलि मौर्य ने अपनी सुरीली आवाज में सावन और कजरी के विभिन्न गीत प्रस्तुत किए। उनकी प्रस्तुतियों ने दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। गीत-संगीत के बीच कार्यक्रम स्थल पर पूर्वांचल की लोक संस्कृति और सावन की फुहार जैसा माहौल बना रहा।
स्नेह मिलन में दिखी सामाजिक एकजुटता
कजरी महोत्सव के साथ आयोजित स्नेह मिलन समारोह में विभिन्न क्षेत्रों से आए जनप्रतिनिधियों, सामाजिक एवं राजनीतिक कार्यकर्ताओं तथा गणमान्य नागरिकों ने एक-दूसरे से मुलाकात की। लोगों ने शुभकामनाएं देते हुए सामाजिक सौहार्द, आपसी भाईचारे और समरसता का संदेश दिया।
लोक संस्कृति को आगे बढ़ाने का संकल्प
कार्यक्रम के अंत में संस्था के सचिव एडवोकेट अखिलेश चौबे ने अतिथियों, कलाकारों और आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी लोगों के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि परिश्रम संस्था सामाजिक सरोकारों के साथ भारतीय लोक संस्कृति, कला और परंपराओं को संरक्षित करने और नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
समारोह में राज्यसभा सांसद सीमा द्विवेदी, पूर्व सांसद हरिवंश सिंह, पूर्व सांसद बीपी सरोज, विद्यासागर सोनकर, विधायक रमेश सिंह, रमेश चंद्र मिश्रा, पूर्व विधायक डॉ. हरेन्द्र सिंह, सुषमा पटेल, रमेश मिश्रा, अजय दुबे, डॉ. लीना तिवारी, भाजपा प्रवक्ता ओमप्रकाश सिंह, जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति, श्याम राज सिंह, सुनीता सिंह, मनोज अग्रहरि, सुनील यादव ‘ममन’, राहुल सिंह, मुकेश सिंह, धीरू सिंह और पीयूष गुप्ता सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
