जौनपुर
जौहर विश्वविद्यालय प्रकरण में कार्रवाई रोकने की मांग
समाजवादी अल्पसंख्यक सभा ने विद्यार्थियों के हितों का हवाला देते हुए निष्पक्ष जांच और विधिक प्रक्रिया अपनाने की मांग की
रामपुर में प्रस्तावित कार्रवाई पर जताई आपत्ति, कहा- सभी पक्षों को सुनकर हो फैसला
जौनपुर। समाजवादी अल्पसंख्यक सभा के पदाधिकारियों ने सोमवार को रामपुर स्थित जौहर विश्वविद्यालय से जुड़े प्रकरण में प्रस्तावित कार्रवाई का विरोध करते हुए महामहिम राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से सौंपा। ज्ञापन में प्रस्तावित कार्रवाई पर रोक लगाने तथा पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई।
जिला महासचिव आरिफ हबीब और प्रदेश सचिव डॉ. गयासुद्दीन प्रधान के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि संबंधित शिक्षण संस्थान हजारों विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ा है। ऐसे में किसी भी कार्रवाई से पहले सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच कराई जाए और छात्रों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि यदि भूमि या भवन निर्माण से जुड़ा कोई विवाद है तो उसका समाधान न्यायालय और विधिक प्रक्रिया के माध्यम से किया जाए, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो। ज्ञापन में यह भी कहा गया कि निर्माण के समय संबंधित क्षेत्र ग्राम पंचायत के अधिकार क्षेत्र में था, जिसे बाद में विकास प्राधिकरण की सीमा में शामिल किया गया।
पदाधिकारियों ने प्रशासन से आग्रह किया कि मामले में जल्दबाजी में कोई कठोर कदम उठाने के बजाय सभी पक्षों को सुनते हुए कानून के अनुरूप निर्णय लिया जाए।
ज्ञापन सौंपने के दौरान समाजवादी अल्पसंख्यक सभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अनवारूल हक ‘गुड्डू’, कलीम अहमद, मौलाना अनवार क़ासमी, डॉ. शबनम नाज़, कमाल आज़मी, मोहम्मद अरशद कुरैशी, अलमास सिद्दीकी, मोहम्मद फ़ैज़ी, शहनवाज़ अहमद सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
