बलिया
सरयू की कटान से आक्रोशित ग्रामीणों ने बांसडीह तहसील का घेराव
बाढ़ विभाग पर लापरवाही का आरोप, चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
महराजपुर और चांदपुर में तत्काल कटानरोधी कार्य शुरू करने, राहत शिविर लगाने की उठी मांग
बांसडीह (बलिया)। सरयू नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज कटान से प्रभावित ग्रामीणों ने सोमवार को पूर्वांचल छात्र संघर्ष समिति के नेतृत्व में बांसडीह तहसील का घेराव कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने बाढ़ खंड और जिला प्रशासन पर कटानरोधी कार्यों में लापरवाही का आरोप लगाते हुए उपजिलाधिकारी के नाम चार सूत्रीय ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा।
समिति के संयोजक नागेंद्र बहादुर सिंह ‘झुन्नू’ के नेतृत्व में जुटे ग्रामीणों का कहना था कि 20 जुलाई को ज्ञापन देने के बावजूद कटान रोकने के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए गए। उनका आरोप है कि जिलाधिकारी के निर्देशों के बाद भी महराजपुर गांव को बचाने के लिए जियोट्यूब लगाने का कार्य शुरू नहीं किया गया। प्रदर्शनकारियों ने बाढ़ खंड के अधिकारियों पर संवेदनहीनता बरतने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में महराजपुर और चांदपुर में तत्काल जियोट्यूब बिछाकर कटान रोकने, भोजपुरवा में अस्थायी ठोकर (स्टड) बनाने, प्रभावित गांवों में राहत शिविर, भोजन, सोलर लाइट, दवाइयां, पशु चारा तथा पशु चिकित्सकों की 24 घंटे उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग की गई।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही प्रभावी कटानरोधी और राहत कार्य शुरू नहीं किए गए तो अपने घरों और खेती की सुरक्षा के लिए आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
