बलिया
कटान से दहशत में शिवपुर दियरा, आंदोलनकारियों ने प्रशासन को दिया अल्टीमेटम
दियरांचल बचाओ आंदोलन पांचवें दिन भी जारी, मांगें पूरी न होने पर पुतला दहन और भूख हड़ताल की चेतावनी
गंगा कटान से गांव के अस्तित्व पर संकट, स्थायी सुरक्षा कार्य और सड़क निर्माण की उठी मांग
बलिया। गंगा नदी के लगातार हो रहे कटान से शिवपुर दियरा नंबरी गांव के अस्तित्व पर मंडरा रहे खतरे के बीच ‘दियरांचल बचाओ आंदोलन’ शनिवार को पांचवें दिन भी जारी रहा। पंचदेव मंदिर के पास चल रहे क्रमिक अनशन में शामिल ग्रामीणों और युवाओं ने मांगें पूरी न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।
एसडीओ ने मांगा एक दिन का समय
आंदोलनकारियों के अनुसार, शुक्रवार को बाढ़ विभाग के एसडीओ से फोन पर वार्ता हुई, जिसमें उन्होंने कार्रवाई के लिए एक दिन का समय मांगा। समाजसेवी कल्याण सिंह ने कहा कि जब तक कटान रोकने का कार्य शुरू नहीं होता, तब तक धरना जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो सोमवार को प्रशासन का पुतला दहन किया जाएगा।
2021 से लगातार ज्ञापन देने का दावा
युवा नेता आनंद विजय पांडेय और विश्वजीत सिंह ‘गोलू’ ने आरोप लगाया कि वर्ष 2021 से 2026 के बीच मुख्यमंत्री, जिलाधिकारी और अन्य अधिकारियों को कई बार ज्ञापन दिए गए, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका कहना है कि वर्ष 2012 में बनी प्रधानमंत्री ग्राम सड़क भी जर्जर हो चुकी है और उसकी मरम्मत तक नहीं कराई गई।
दो प्रमुख मांगों पर अड़े ग्रामीण
आंदोलनकारी ग्रामीणों ने प्रशासन के सामने दो प्रमुख मांगें रखी हैं। पहली, शिवपुर दियरा नंबरी और प्राणपुर सोनाली को कटान से बचाने के लिए स्थायी स्पर (ठोकर) का निर्माण तथा दूसरी, क्षतिग्रस्त प्रधानमंत्री ग्राम सड़क का शीघ्र पुनर्निर्माण।
महिलाओं ने भी जताई नाराजगी
धरना स्थल पर मौजूद महिलाओं ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री के जनता दरबार से लेकर स्थानीय प्रशासन तक केवल आश्वासन ही मिले हैं। आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया तो क्रमिक अनशन को भूख हड़ताल में बदल दिया जाएगा।
बड़ी संख्या में ग्रामीण रहे मौजूद
धरना-प्रदर्शन में बृज किशोर सिंह, अनिल यादव, उमेश सिंह, मनोज प्रजापति, धीरज यादव, मालती देवी, पूनम, रूबी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
