वाराणसी
डस्टबिन में मिला नवजात का शव, गाय ने झोला खींचा तो सामने आई दिल दहला देने वाली सच्चाई
वाराणसी। रामनगर थाना अंतर्गत वारिगढ़ही त्रिमुहानी क्षेत्र में मंगलवार दोपहर एक ऐसी घटना सामने आई जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। नगर निगम के डस्टबिन में फेंके गए एक झोले से नवजात शिशु का शव मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। मासूम के शव को देखकर लोगों की आंखें नम हो गईं और हर कोई इस अमानवीय कृत्य की निंदा करता नजर आया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार वारिगढ़ही त्रिमुहानी स्थित नगर निगम के डस्टबिन के पास एक गाय कचरे में भोजन तलाश रही थी। इसी दौरान गाय ने कचरे के बीच पड़े एक झोले को अपने मुंह से खींचकर बाहर निकाल लिया। झोला बाहर आते ही फट गया और उसके अंदर रखा नवजात शिशु सड़क पर गिर पड़ा।
देखते ही जुटी भीड़, मचा हड़कंप
नवजात को सड़क पर गिरा देख आसपास मौजूद लोगों के होश उड़ गए। कुछ ही मिनटों में मौके पर बड़ी संख्या में राहगीर और स्थानीय लोग एकत्र हो गए। घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई। मासूम का शव देखकर लोगों में आक्रोश और दुख दोनों दिखाई दिया। मौके पर मौजूद लोग यही चर्चा करते रहे कि आखिर कोई व्यक्ति इतना निर्दयी कैसे हो सकता है कि एक नवजात को इस तरह कूड़े के ढेर में फेंक दे।
सूचना पर पहुंची पुलिस
घटना की जानकारी मिलते ही रामनगर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने नवजात के शव को पोस्टमार्टम और जांच के लिए मोर्चरी भिजवा दिया।
थाना प्रभारी संजय कुमार मिश्रा ने बताया कि प्रारंभिक जांच में नवजात मृत अवस्था में मिला है। चिकित्सकीय परीक्षण में यह भी सामने आया है कि भ्रूण पूरी तरह विकसित नहीं था। हालांकि मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।
सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस
पुलिस घटना को गंभीरता से लेते हुए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इसके अलावा स्थानीय लोगों से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि झोला डस्टबिन में कब और किसके द्वारा फेंका गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं तथा जल्द ही नवजात को वहां फेंकने वाले व्यक्ति की पहचान कर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी घटना
इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि किसी कारणवश शिशु को पालना संभव नहीं था तो उसे किसी अस्पताल, आश्रय गृह या संबंधित संस्था के सुपुर्द किया जा सकता था, लेकिन उसे डस्टबिन में फेंक देना मानवता को शर्मसार करने वाला कृत्य है।
फिलहाल पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। वहीं, इस घटना ने समाज के सामने कई गंभीर सवाल भी खड़े कर दिए हैं।
