वाराणसी
कैंसर पीड़ितों की मदद में प्लास्टिक सर्जरी की अहम भूमिका: अपोलो विशेषज्ञों की राय
वाराणसी में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में नई दिल्ली स्थित इंद्रप्रस्थ अपोलो हॉस्पिटल्स के विशेषज्ञों ने कैंसर के इलाज के बाद प्लास्टिक सर्जरी की भूमिका पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि कैंसर के इलाज के बाद होने वाली शारीरिक और मानसिक परेशानियों को दूर करने में प्लास्टिक सर्जरी का अहम योगदान है। अपोलो हॉस्पिटल्स के एस्थेटिक, प्लास्टिक और रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी विभाग के वरिष्ठ सलाहकार डॉ. कुलदीप सिंह ने कहा कि रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी सिर्फ शारीरिक बहाली तक सीमित नहीं है बल्कि यह मरीजों के भावनात्मक और मानसिक पुनर्वास का भी एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनती है।
इसके जरिए मरीज अपनी शारीरिक क्षति को ठीक कर आत्मविश्वास और आत्म-सम्मान वापस पा सकते हैं जो उनके जीवन को फिर से आशा और नई दिशा देता है। कैंसर चिकित्सा विभाग के वरिष्ठ सलाहकार डॉ. पी.के. दास ने कीमोथेरेपी के क्षेत्र में हो रही प्रगति के बारे में बताया।
उन्होंने कहा कि आजकल की लक्षित थेरेपी कैंसर कोशिकाओं पर सीधे हमला करती है और स्वस्थ ऊतकों को कम से कम नुकसान पहुंचाती है जिससे इलाज के दुष्प्रभाव कम होते हैं और मरीजों की जीवन गुणवत्ता में सुधार होता है। इस आधुनिक कीमोथेरेपी ने कैंसर के इलाज को और प्रभावी और सटीक बनाया है जिससे मरीजों को बेहतर परिणाम और उम्मीद मिलती है।
दोनों विशेषज्ञों ने कैंसर उपचार के दौरान बहु-विषयक दृष्टिकोण अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया जो न सिर्फ इलाज बल्कि मरीजों की रिकवरी प्रक्रिया को भी आसान और प्रभावी बनाता है। इस सम्मेलन का उद्देश्य कैंसर और प्लास्टिक सर्जरी से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करना और मरीजों को बेहतर उपचार और पुनर्वास प्रदान करना था।
