अपराध
बाबा सिद्दीकी हत्याकांड : चौथा आरोपी गिरफ्तार, यूट्यूब से सीखी फायरिंग
मुंबई की एक अदालत ने एनसीपी नेता और महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की हत्या के मामले में चौथे आरोपी हरीश कुमार निषाद (23) को 21 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेजा है। हरीश कुमार को उत्तर प्रदेश के बहराइच से गिरफ्तार किया गया, जहां वह पुणे में कबाड़ का काम करता था। पुलिस के मुताबिक, हरीश हत्या की साजिश में शामिल था और उसने इसके लिए वित्तीय सहयोग भी दिया। मामले में आर्थिक लेनदेन के विवरण और फंडिंग के स्रोत का पता लगाने के लिए आगे की जांच की जा रही है।
इससे पहले, हरियाणा निवासी गुरमेल बलजीत सिंह (23), उत्तर प्रदेश के धर्मराज राजेश कश्यप (19) और सह-साजिशकर्ता प्रवीण लोनकर को गिरफ्तार किया गया था। इन्हें भी 21 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेजा गया है, जबकि एक अन्य संदिग्ध शिवकुमार गौतम फरार है।

मुंबई पुलिस हत्या के पीछे विभिन्न संभावनाओं की जांच कर रही है, जैसे कि कॉन्ट्रैक्ट किलिंग, राजनीतिक या व्यावसायिक दुश्मनी, या झुग्गी पुनर्वास परियोजनाओं से जुड़े विवाद। साथ ही, लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के एक सदस्य द्वारा हत्या की जिम्मेदारी लेने वाली सोशल मीडिया पोस्ट की भी जांच की जा रही है, जिसके लिए पुलिस ने फेसबुक और इंस्टाग्राम से भी संपर्क किया है।
यूट्यूब से सीखी फायरिंग
जानकारी के मुताबिक, धर्मराज का भाई अनुराग भी पुलिस हिरासत में लिया गया है। हरीश कुमार ने हमलावरों को पैसा मुहैया कराया था। गंडारा गांव में 3 लोगों के खाते में 50-50 हजार आए। जिनके खातों में पैसा आया वो लोग अभी फरार हैं। मुंबई पुलिस बैंक खातों को लेकर भी जांच कर रही है। शूटर्स ने 3 माह पहले बाबा की हत्या का प्लान बनाया था। यू-ट्यूब से फायरिंग सीखी और कई बार बाबा सिद्दीकी के घर की रेकी की।

बता दें कि, 12 अक्टूबर की रात को बाबा सिद्दीकी की बांद्रा स्थित कार्यालय के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वे अपने बेटे जीशान के ऑफिस में थे और बाहर निकलते ही उन पर 6 गोलियां चलाई गईं। वारदात के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि चौथा आरोपी हरीश बालकराम को 15 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश के बहराइच से पकड़ा गया। मामले में अब भी तीन अन्य आरोपी फरार हैं। हत्या की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गिरोह ने ली है।
