वाराणसी
जीवनदीप महाविद्यालय में रोजगार कौशल प्रशिक्षण संपन्न, विद्यार्थियों का बढ़ा आत्मविश्वास
सात दिवसीय कार्यक्रम में इंटरव्यू की तैयारी, व्यक्तित्व विकास और प्रभावी संवाद का मिला प्रशिक्षण; नंदी फाउंडेशन के मुख्य प्रशिक्षक प्रभुत्व जायसवाल ने दिए टिप्स
वाराणसी, जयदेश। बड़ा लालपुर स्थित जीवनदीप महाविद्यालय में विद्यार्थियों की रोजगार क्षमता और सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से आयोजित सात दिवसीय रोजगार कौशल विकास कार्यक्रम का गुरुवार को समापन हो गया। महिंद्रा नंदी फाउंडेशन के सहयोग से सात से 14 अक्टूबर तक आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को आधुनिक कार्यस्थल की आवश्यकताओं और पेशेवर जीवन में सफलता के लिए जरूरी कौशलों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में फाउंडेशन के मुख्य प्रशिक्षक प्रभुत्व जायसवाल ने विद्यार्थियों को व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से रोजगार से जुड़ी विभिन्न चुनौतियों और उनके समाधान के बारे में बताया। प्रशिक्षण का उद्देश्य विद्यार्थियों को नौकरी के अवसरों के लिए तैयार करने के साथ उनके आत्मविश्वास और संवाद क्षमता को मजबूत बनाना रहा।
इंटरव्यू से लेकर व्यक्तित्व विकास तक का प्रशिक्षण
सात दिनों तक चले प्रशिक्षण सत्रों में व्यक्तित्व विकास, शिष्टाचार, साक्षात्कार की तैयारी और आत्मविश्वास के साथ सवालों के जवाब देने की कला पर विशेष जोर दिया गया। विद्यार्थियों को प्रभावी सम्प्रेषण कौशल, अपनी बात स्पष्ट रूप से रखने और कार्यस्थल पर पेशेवर आचरण के बारे में भी प्रशिक्षित किया गया।
समूह चर्चा और प्रस्तुतियों के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिला। प्रशिक्षक के मार्गदर्शन और व्यावहारिक अभ्यास से छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों की संवाद क्षमता और आत्मविश्वास को बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया।
फाउंडेशन और प्रशिक्षक को किया सम्मानित
कार्यक्रम के सफल समापन पर महाविद्यालय प्रशासन और ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट ऑफिसर की ओर से फाउंडेशन तथा प्रशिक्षक प्रभुत्व जायसवाल को प्रशंसा-पत्र देकर सम्मानित किया गया। साथ ही प्रशिक्षण में सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया गया।
इस अवसर पर महाविद्यालय की वाइस चेयरमैन डॉ. अंशु सिंह ने कहा कि ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों को पेशेवर जीवन के साथ व्यक्तिगत जीवन में भी सक्षम और कुशल नागरिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए इस तरह की पहल को उपयोगी बताया।
शिक्षक और विद्यार्थियों की रही सहभागिता
कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. इन्द्रेश चंद्र सिंह, रजिस्ट्रार नन्दलाल यादव, उप प्राचार्य डॉ. अमित कुमार सिंह, अलका सिंह, एमबीए की प्रवक्ता शिखा रघुवंशी सहित सभी विभागाध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
महाविद्यालय प्रशासन ने रोजगारपरक प्रशिक्षण को विद्यार्थियों के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए इस तरह के प्रयासों को आगे भी प्रोत्साहित करने पर जोर दिया।
