वाराणसी
बजट पर अध्यक्ष महानगर कांग्रेस कमेटी राघवेन्द्र चौबे ने दी प्रतिक्रिया
वाराणसी: वित्त मंत्री का 2023 बजट भाषण मोदी सरकार के पुराने वादों और जुमलो पर पर्दा डालने का प्रयास मात्र है।हमें आशा थी कि वित्त मंत्री उन घोषणाओं पर प्रकाश डालेंगी जो 2022 में पूरी होनी थी।
2022 में किसानों की आमदनी दुगनी होनी थी।
2022 में हर गरीब को आवास उपलब्ध होना था।
2022 में देश में बुलेट ट्रेन चलनी थी।
लेकिन वित्त मंत्री ने इन घोषणाओं के पूरे ना होने की ना तो कोई वजह बताई और ना ही देश की जनता से माफी मांगी।
इस विकट मंहगाई के दौर में टैक्स में छूट की सीमा 2.5 लाख से बढ़ाकर 3 लाख करना यानी सिर्फ 50 हजार का ही लाभ दिया ये ऊंट के मुंह में जीरा समान है
बजट में मनरेगा का कोई जिक्र नहीं था.सरकार मजदूरों के लिए क्या करने जा रही है नही बता पाई।
बेरोजगारी,महंगाई की स्पष्ट रुप से कोई बात भी नहीं की गई है।
स्पष्ट है कि सरकार भविष्य के खोखले सपने दिखाकर वर्तमान की जटिल परिस्थितियों से लोगों का ध्यान भटकाना चाहती है। यह प्रवृत्ति आम जनता और देश की अर्थव्यवस्था के लिए अच्छी नहीं है।
