मिर्ज़ापुर
पुलिस जांच में खुली साजिश की परतें, अपहरण की कहानी निकली झूठी
मिर्जापुर। थाना अदलहाट पुलिस और एसओजी/सर्विलांस टीम ने कथित अपहरण प्रकरण का खुलासा करते हुए पूरे मामले को सुनियोजित साजिश करार दिया है। पुलिस जांच में सामने आया कि वादिनी सरिता सिंह पटेल ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर झूठा अपहरण कांड रचा था।
मामले में पुलिस ने कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजने की कार्रवाई की है।पुलिस के अनुसार, 6 मई 2026 को दीक्षितपुर निवासी सरिता सिंह पटेल पत्नी सुभाष सिंह पटेल ने थाना अदलहाट में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि अज्ञात लोगों ने उसका अपहरण कर चार दिनों तक बंधक बनाकर रखा।
शिकायत के आधार पर थाना अदलहाट में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक मीरजापुर के निर्देश पर एसओजी, सर्विलांस और थाना अदलहाट पुलिस की संयुक्त टीम गठित की गई। जांच के दौरान इलेक्ट्रॉनिक, भौतिक और सर्विलांस साक्ष्यों की गहन पड़ताल की गई, जिसमें अपहरण की पूरी कहानी फर्जी पाई गई।
पूछताछ में पता चला कि सरिता पटेल एक इलेक्ट्रॉनिक यू-ट्यूबर है और चुनार पुलिस द्वारा कुछ लोगों को जेल भेजे जाने से नाराज थी। पुलिस पर दबाव बनाने और गंभीर मुकदमा दर्ज कराने के साथ धन उगाही की मंशा से उसने अपने साथियों के साथ मिलकर इस साजिश को अंजाम दिया।
जांच में यह भी सामने आया कि योजना के तहत सह-अभियुक्त अमरदीप मोटरसाइकिल से सरिता को राजगढ़ क्षेत्र तक ले गया, जहां उसने स्वयं अपने हाथ-पैर बंधवाए। घटना को अधिक सनसनीखेज बनाने के लिए मोटरसाइकिल से पेट्रोल निकालकर उसके शरीर पर छिड़कने की तैयारी भी की गई थी, ताकि पुलिस के खिलाफ गंभीर धाराओं में कार्रवाई कराई जा सके।
