वाराणसी
नाले की गैस से चाय बनाने की कोशिश पड़ी भारी, छह नामजद समेत अज्ञात पर केस
वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ विश्वविद्यालय (MGKVP) के गेट नंबर-1 पर नाले की गैस से चाय बनाने का प्रयास कर रहे NSUI कार्यकर्ताओं के खिलाफ सिगरा थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने छह नामजद और कुछ अज्ञात लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की है। वहीं मौके से हिरासत में लिए गए किशन निगम और भरतलाल निगम का शांतिभंग की आशंका में चालान किया गया है।
एलपीजी गैस की कमी के विरोध में NSUI के पूर्वी क्षेत्र अध्यक्ष ऋषभ पांडेय के आह्वान पर कार्यकर्ता विद्यापीठ विश्वविद्यालय के गेट पर एकत्र हुए थे। इस दौरान प्रदर्शन के तहत नाली के ऊपर गैस चूल्हा रखकर सीवर की गैस से चाय बनाने की कोशिश की गई। इसी बीच सिगरा थाना प्रभारी संजय मिश्रा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और विरोध कर रहे कार्यकर्ताओं को ऐसा करने से रोका। पुलिस ने मौके से चूल्हा सहित अन्य सामान जब्त कर लिया और दो लोगों को हिरासत में ले लिया।
प्रदर्शन के दौरान ऋषभ पांडेय ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय परिसर में गैस की भारी कमी के कारण कई स्थानों पर मेस संचालन प्रभावित हो रहा है। इसके चलते छात्र-छात्राओं को भोजन व्यवस्था में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उनका कहना था कि गैस की समस्या से दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है, लेकिन प्रशासन इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं ले रहा।
मामले में विद्यापीठ चौकी प्रभारी की तहरीर पर सिगरा पुलिस ने यातायात व्यवस्था में बाधा डालने सहित अन्य आरोपों में NSUI के पूर्वी क्षेत्र अध्यक्ष ऋषभ पांडेय, आशीष मौर्या, रंजीत सेठ, किशन निगम, भरतलाल निगम और जतिन पटेल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 132, 285 और 223 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। वहीं मौके से पकड़े गए किशन निगम और भरतलाल निगम का शांतिभंग की कार्रवाई में चालान कर दिया गया।
