गोरखपुर
डीएम ने लीड बैंक संग की समीक्षा बैठक, लक्ष्य से पीछे चल रही मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना
2200 के मुकाबले 1821 प्रकरण निपटने पर डीएम दीपक मीणा सख्त, लक्ष्य हर हाल में पूरा करने के निर्देश
गोरखपुर। कलेक्ट्रेट स्थित डीएम सभागार में जिलाधिकारी दीपक मीणा की अध्यक्षता में लीड बैंक के साथ महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद में संचालित बैंक शाखाओं की स्थिति, विभिन्न सरकारी योजनाओं की प्रगति तथा मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत ऋण वितरण की समीक्षा की गई। बैठक में बताया गया कि जनपद गोरखपुर में कुल 411 बैंक शाखाएं संचालित हैं।
जिलाधिकारी ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना की प्रगति पर नाराजगी जताते हुए कहा कि योजना के अंतर्गत जनपद को 2200 लाभार्थियों को ऋण उपलब्ध कराने का लक्ष्य दिया गया था, जबकि अब तक केवल 1821 प्रकरणों का ही निस्तारण किया जा सका है। लक्ष्य से पीछे चल रही स्थिति पर डीएम ने लीड बैंक और संबंधित बैंक शाखाओं को कड़ी फटकार लगाई और शेष लक्ष्य को शीघ्र एवं हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए।
डीएम दीपक मीणा ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना सरकार की प्राथमिक योजना है, जिसका उद्देश्य युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ना है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देशित किया कि लंबित प्रकरणों की बैंक स्तर पर त्वरित जांच कर उन्हें शीघ्र स्वीकृत किया जाए तथा पात्र आवेदकों को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए।
बैठक में लीड बैंक नोडल अधिकारी मनोज श्रीवास्तव सहित विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। डीएम ने बैंकों को आपसी समन्वय बढ़ाने, नियमित समीक्षा करने और फील्ड स्तर पर कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी कहा कि जिन शाखाओं की प्रगति लगातार कमजोर पाई जाएगी, उनकी जिम्मेदारी तय की जाएगी।
जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि बैंक अधिकारी मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना से जुड़े आवेदकों को सही जानकारी दें, ताकि योग्य युवा योजना का लाभ लेकर अपना रोजगार स्थापित कर सकें। उन्होंने कहा कि यह योजना केवल आंकड़ों तक सीमित न रहकर धरातल पर प्रभावी रूप से दिखनी चाहिए।
बैठक के अंत में डीएम ने दो टूक कहा कि जनपद स्तर पर शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी और लक्ष्य पूरा न करने वाले बैंकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
