वाराणसी
बीएचयू में एबीवीपी छात्रों का प्रदर्शन छठे दिन भी जारी
19 सूत्रीय मांगों पर बीएचयू प्रशासन ने अब तक नहीं दिया जवाब
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के छात्रों का प्रदर्शन लगातार छठे दिन भी जारी है। छात्रों ने 19 सूत्रीय मांगों को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोला हुआ है। छात्रों का आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रशासन उनकी मांगों को अनदेखा कर रहा है। विश्वविद्यालय में छात्रों की आवाज दबाई जा रही है और प्रशासन तानाशाही का रवैया अपना रहा है।फिलहाल विश्वविद्यालय प्रशासन की तरफ से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
ABVP का क्या कहना है ?
ABVP के इकाई मंत्री भाष्करादित्य त्रिपाठी ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन से अभी तक कोई भी अधिकारी छात्रों से बात करने के लिए तैयार नहीं हुआ है। जब तक छात्रों की मांगे पूरी नहीं होती हैं, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा।
छात्रों ने इंस्टीट्यूट ऑफ एमीनेंस के मद में आए हुए धन तथा उसके आधार पर किए गए सलाहकारों की नियुक्ति की सूची मांगी है। विश्वविद्यालय प्रशासन इस मामले में लम्बे समय से आनाकानी कर रहा है। छात्रों ने छात्रावास में मेस की दुर्व्यवस्था तथा उसमें कमीशन खोरी का भी सवाल उठाया है।
उन्होंने कहा कि छात्रों के जायज मांगों को लेकर पुराने छात्रों की भी एक बैठक शीघ्र बुलाई जाएगी। छात्रों ने कहा कि छात्र संघ की चुनाव न होने से छात्रों के ऊपर विश्वविद्यालय प्रशासन की तानाशाही बढ़ी है। एमफिल किए हुए छात्रों को शोध में प्रवेश से वंचित करके प्रशासन ने तानाशाही कर दी है।
