गोरखपुर
चाय की दुकान में घुसी बेकाबू स्कॉर्पियो, 65 वर्षीय महिला की मौत
देवरिया के लाहिलपार चौराहे पर भोर में हुआ हादसा, वाहन कब्जे में लेकर पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया
देवरिया। जिले के बरियारपुर थाना क्षेत्र के लाहिलपार चौराहे पर रविवार की भोर एक दर्दनाक सड़क हादसे में 65 वर्षीय चंद्रावती देवी की मौत हो गई। तेज रफ्तार स्कॉर्पियो अनियंत्रित होकर चाय की दुकान में घुस गई। हादसे के समय महिला दुकान के अंदर सो रही थीं। गंभीर रूप से घायल चंद्रावती देवी को परिजन महर्षि देवराहा बाबा मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया।
रोजी-रोटी का सहारा थी चाय की दुकान
प्राप्त जानकारी के अनुसार, चंद्रावती देवी अपने पति बच्चन चौहान के साथ लाहिलपार चौराहे पर चाय की छोटी-सी दुकान चलाती थीं। इसी दुकान की कमाई से परिवार का भरण-पोषण होता था। शनिवार की रात दुकान बंद करने के बाद पति-पत्नी वहीं सो गए थे।
रविवार की भोर करीब तीन बजे अचानक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो अनियंत्रित होकर दुकान में घुस गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दुकान क्षतिग्रस्त हो गई और अंदर सो रहीं चंद्रावती देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं। परिजन उन्हें तत्काल अस्पताल ले गए, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी।
पत्नी की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
चंद्रावती देवी की मौत से उनके पति बच्चन चौहान और परिवार के अन्य सदस्यों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। जिस दुकान के सहारे परिवार वर्षों से अपनी आजीविका चला रहा था, उसी दुकान में हुए हादसे ने परिवार को गहरा सदमा दिया है। घटना की जानकारी मिलने के बाद इलाके में शोक का माहौल है।
स्कॉर्पियो कब्जे में, दो लोग हिरासत में
हादसे की सूचना मिलने पर बरियारपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, दुर्घटना में शामिल स्कॉर्पियो को कब्जे में लेकर दो लोगों को हिरासत में लिया गया है। वाहन में सवार तीन अन्य लोगों के फरार होने की भी जानकारी सामने आई है।
बताया जा रहा है कि स्कॉर्पियो बिहार के गोपालगंज जिले के विजयीपुर थाना क्षेत्र के चमुखा गांव की है। हालांकि, हादसे के कारणों और दुर्घटना के लिए जिम्मेदार लोगों की भूमिका की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
सड़क सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
यह हादसा तेज रफ्तार और वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाने से पैदा होने वाले खतरे को उजागर करता है। सड़क किनारे दुकान चलाकर परिवार का भरण-पोषण करने वाले लोग भी ऐसे हादसों की चपेट में आ सकते हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
