Connect with us

अपराध

लुटेरी दुल्हन का गिरोह गिरफ्तार, मुख्य सरगना फरार

Published

on

Loading...
Loading...

कैसे फंसाया जाता था जाल में

दुबिहा (गाजीपुर)। करीमुद्दीनपुर पुलिस ने लुटेरी दुल्हन और उसके गिरोह का पर्दाफाश करते हुए गिरोह के आठ सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि, इस गिरोह की मुख्य सरगना अब भी फरार है। गिरोह नकली आधार कार्ड तैयार करवाकर जरूरतमंदों को शादी का झांसा देकर ठगने का काम करता था।

पुलिस के मुताबिक, गिरोह की सदस्य कुसुम ने हाल ही में मैनपुरी निवासी मूक-बधिर रूपेश शाक्य से चौथी शादी रचाई थी। शादी के बाद यूसुफपुर रेलवे स्टेशन पर उसने पेट खराब होने का बहाना बनाकर दूल्हे को छोड़ दिया और फरार हो गई।

कैसे फंसाया जाता था जाल में
करीमुद्दीनपुर थाने के प्रभारी निरीक्षक वीरेंद्र कुमार ने बताया कि रूपेश शाक्य अविवाहित हैं और उनके छोटे भाई की शादी हो चुकी है। शादी करवाने के बहाने कासिमाबाद निवासी हरिश्चंद्र यादव ने उन्हें अपने जाल में फंसाया। गिरोह की सदस्य नजमुनिशा की मदद से न्यू उर्फ ऊंचाडीह (खिजिरपुर) निवासी कुसुम का फर्जी आधार कार्ड तैयार करवाया गया।

Advertisement

ऐसे रचाया गया खेल
29 नवंबर को कुसुम को रूपेश के सामने प्रस्तुत किया गया। दूल्हे ने कुसुम को पसंद कर शादी करने की इच्छा जाहिर की और एक लाख रुपये अग्रिम दे दिए। अगले दिन मुहम्मदाबाद स्थित एक मकान में शादी संपन्न कराई गई। दूल्हे ने दुल्हन को तीन ग्राम सोने का मंगलसूत्र और 8200 रुपये के कपड़े दिए। विदाई के बाद रेलवे स्टेशन पर दुल्हन ने भागने की योजना को अंजाम दिया।

दुल्हन के लापता होने और शादी कराने वाले लोगों से संपर्क न होने पर दूल्हे को शक हुआ। उसने पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी, जिसके बाद जांच शुरू हुई। पुलिस ने आठ सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन मुख्य सरगना अब भी फरार है। पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी हुई है।

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright © 2024 Jaidesh News. Created By Hoodaa

You cannot copy content of this page