वाराणसी
वाराणसी में 11 से 15 नवंबर तक ‘गंगा महोत्सव’ का होगा आयोजन
अस्सी घाट पर देव दीपावली की होंगी भव्य तैयारियां
‘गंगा महोत्सव’ जिसे देव दीपावली के नाम से भी जाना जाता है, वाराणसी में गंगा नदी के तट पर मनाया जाने वाला एक भव्य पांच दिवसीय आयोजन है। इस वर्ष गंगा महोत्सव 11 नवंबर से 15 नवंबर तक आयोजित किया जाएगा, और अंतिम दिन यानी 15 नवंबर को देव दीपावली का पर्व मनाया जाएगा। कार्तिक पूर्णिमा को मनाया जाने वाला यह पर्व दिवाली के 15 दिन बाद आता है और इस दिन को देवता के धरती पर आकर दिवाली मनाने के रूप में जाना जाता है।
इस वर्ष अस्सी घाट पर होगा आयोजन
पहले गंगा महोत्सव का आयोजन राजघाट पर होता था, लेकिन इस बार इसे अस्सी घाट पर स्थानांतरित किया गया है। इसलिए यदि आप वाराणसी में इस महोत्सव का हिस्सा बनने की योजना बना रहे हैं, तो आपको अस्सी घाट पर जाना होगा। इस परिवर्तन से कुछ श्रद्धालुओं को भ्रम हो सकता है, लेकिन इस बार पर्यटन विभाग ने सभी व्यवस्थाओं को अस्सी घाट पर करने का निर्णय लिया है।
दीपों की रोशनी से जगमग होंगे घाट
इस साल देव दीपावली के अवसर पर काशी के घाटों पर 12 लाख दीये जलाने की योजना बनाई गई है। एक दिन पहले ही दीये और बातियां जगह-जगह बांटी जाएंगी ताकि समय पर घाटों को सजाया जा सके। इस पर्व के दौरान गंगा किनारे से लेकर घरों और मंदिरों तक दीयों से रोशनी की जाएगी।
आतिशबाजी और लाइट एंड साउंड शो का आयोजन
गंगा महोत्सव में आने वाले श्रद्धालुओं को इस बार अद्भुत आतिशबाजी और लाइट एंड साउंड शो का आनंद भी मिलेगा, जो काशी के घाटों को एक अनोखी छटा में रंग देगा।
